जागरण संवाददाता, लुधियाना। नगर निगम के खजाने को भरने के लिए अब अधिकारी एक्शन मोड में आ गए हैं। निगम की तरफ से अब अपने 302 किरायेदारों पर शिकंजा कसने की तैयारी कर ली है। निगम ने 197 दुकानदारों को नोटिस जारी कर प्रापर्टी टैक्स व बकाया किराया अदा करने के लिए भी कह दिया है। इन सभी दुकानदारों को निगम की तरफ से एक सप्ताह का समय दिया गया था, जिसकी समय सीमा पूरी हो चुकी है। अब निगम अधिकारी किसी भी समय सीलिंग की कार्रवाई कर सकता है।

इसके अलावा अब बाकी बचे 105 दुकानदारों को भी नोटिस देने की तैयारी चल रही है। इससे साफ है कि निगम अधिकारी अब हर हाल में खजाने का सूनापन दूर करने में जुट चुके हैं। आने वाले दिनों में शहर में अन्य डिफाल्टरों पर भी कार्रवाई की गाज गिर सकती है। दरअसल, नगर निगम ने शहर में अपनी 302 प्रापर्टी (अधिकतर दुकानें) को किराये पर दे रखा है।

हर माह दुकानदार से 600 रुपये से लेकर छह हजार रुपये तक किराया लिया जाता है। निगम ने इन दुकादारों से लगभग 4.92 करोड़ रुपये बकाया लेना है। कई दुकानदार तो ऐसे हैं, जिन्होंने पिछले दो से आठ साल तक का किराया भी नहीं दिया है। सरकार ने वर्ष 2013 में हाउस टैक्स को खत्म कर प्रापर्टी टैक्स शुरू किया था। इनमें से ज्यादातर दुकानदारों ने एक बार भी प्रापर्टी टैक्स भी अदा नहीं किया है।

निगम ने 302 किरायदारों से लगभग 27 लाख रुपये प्रापर्टी टैक्स लेना है। हैरानीजनक बात है कि आज तक किसी अधिकारी ने प्रापर्टी टैक्स नहीं भरने वालों पर शिकंजा कसने की जहमत तक नहीं उठाई। सत्ता परिवर्तन के बाद अब निगम अधिकारी एक्शन मोड में आ चुके हैं। किराये व प्रापर्टी टैक्स की बकाया राशि की वसूली के लिए निगम ने पहले 197 किरायेदारों को नोटिस जारी किए थे।

पहले बकाया किराया राशि जमा करवाने के लिए एक सप्ताह का नोटिस दिया गया था, इसके बाद प्रापर्टी टैक्स का बकाया जमा करवाने के लिए तीन दिन का नोटिस दिया गया था। इन दोनों नोटिस की समय सीमा खत्म हो चुकी है और महज दस दस दुकानदारों ने बकाया राशि जमा करवाई। इसके अलावा ईएसआइ अस्पताल के पास मार्केट एसोसिएशन ने निगम से संपर्क कर कुछ दिन में बकाया राशि जमा करवाने की बात कही है।

इन मार्केट के दुकानदारों से लेना है बकाया

  •  ईएसआइ अस्पताल मार्केट
  • स्कूटर मार्केट
  • चार्ट मार्केट
  • दोमोरिया पुल के पास मार्केट
  • जवाहर नगर कैंप स्थित दुकानें

दुकानदाराें ने अभी तक प्रापर्टी टैक्स अदा नहीं किया

निगम ने 302 दुकानें किराये पर दे रखी है। इसमें किसी दुकानदार ने अभी तक प्रापर्टी टैक्स अदा नहीं किया है। कई दुकानदारों ने तो दो साल से लेकर आठ साल तक का किराया भी अदा नहीं किया है। निगम ने लगभग 5.19 करोड़ रुपये बकाया राशि लेनी है। इसमें 197 दुकानदारों को नोटिस भेजा जा चुका है, जिनकी समय सीमा खत्म हो चुकी है। शेष दुकानदारों को भी नोटिस भेजने का काम चल रहा है। जिनके नोटिस की समय सीमा खत्म हो चुकी है, आला अधिकारियों से मंजूरी लेकर उन्हें सील किया जाएगा। - विवेक वर्मा, सुपरिंटेंडेंट (हेडक्वार्टर)