संवाद सहयोगी, सुल्तानपुर लोधी : सुल्तानपुर लोधी के पास स्थित सैफलाबाद के एतिहासिक गुरुद्वारा गुरुसर साहिब में श्री गुरु हरगोबिंद साहिब जी का प्रकाश पर्व के मौके पर सगत ने जोड़-मेला मनाया। गुरुद्वारा गुरुसर साहिब के मुख्य सेवादार संत लीडर सिंह की देखरेख में यह जोड़ मेला हर साल पहली जुलाई को मनाया जाता है। मानसून की पहली बारिश के दौरान ही पंजाब को हरा भरा करने की मुहिम के तहत संगत में पौधे का प्रसाद वितरित किया गया। वातावरण प्रेमी संत बलबीर सिंह सीचेवाल ने पौधे बांटने की शुरूआत की। समारोह के दौरान पहले दिन 1500 से अधिक पौधे बांटे गए। संत बाबा बलबीर सिंह सीचेवाल ओर से वितरित किए गए पौधों में सहजन, जामुन, नींम, ढेंहू, अमलतास, बहेड़ा, लासूड़ी, अलमंडा, कदम, अमरूद और मंदाकनी के पौधे शामिल हैं।

संत बलबीर सिंह सीचेवाल ने कहा कि जुलाई में बारिश शुरू हो जाती है, इन दिनों में पंजाब के प्रत्येक स्थान पर पौधे लगाना चाहिए ताकि पर्यावरण शुद्ध और हरा भरा हो सके। उन्होंने बताया कि कि जिस ऐतिहासिक स्थान पर श्री गुरु हरगोबिद साहिब जी का प्रकाशोत्सव मनाया जा रहा है, उस समय यहां पर जंगल बहुत थे। उन्होंने बताया कि पंजाब में 33 प्रतिशत क्षेत्र जंगल के अधीन था। देश के विभाजन से पहले 1947 दौरान पंजाब में 40 प्रतिशत क्षेत्र में जंगल थे। पंजाब में जंगलों का क्षेत्र बड़ी तेजी से कम होता जा रहा है, जोकि चिता का विषय है। मतेवाड़ा के जंगलों का मामला नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल के विचाराधीन है। उन्होंने कहा कि पानी मिल रहे जहर के चलते लोगों का जीना मुहाल हो गया है।

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