[मनुपाल शर्मा] जालंधर। स्टेज कैरियर परमिट वाली बसों को एयरपोर्ट तक और टूरिस्ट परमिट की बसों को स्टेट कैरियर बना कर चलाना ही एयरपोर्ट वोल्वो के बंद होने की मुख्य वजह बना है। दिल्ली परिवहन अधिकारियों का तर्क है कि पंजाब रोडवेज एवं पीआरटीसी के आला अधिकारियों पर अन्य राज्य में जाकर गैरकानूनी ढंग से बस का संचालन करने का केस दर्ज किया जाना चाहिए।


दिल्ली के परिवहन अधिकारियों का तर्क है कि हरियाणा-पंजाब से स्टेट कैरियर आने वाली बसों को दिल्ली में कश्मीरी गेट बस स्टैंड पर, राजस्थान की तरफ से आने वाली बसों की सराय काले खां में एवं गाजियाबाद की तरफ से आने वाली बसों को आनंद विहार बस स्टैंड में रुकने का प्रावधान किया गया है ताकि दिल्ली में यातायात की समस्या उत्पन्न न हो। पंजाब रोडवेज इन नियमों का उल्लंघन करते हुए पहले स्टेट कैरियर बसों को बिना किसी अनुमति के दिल्ली एयरपोर्ट तक चलाती रही। जब बसों को नियमों का उल्लंघन करते पकड़ा गया तो उसके बाद पंजाब रोडवेज की ओर से टूरिस्ट परमिट ले लिए गए।


टूरिस्ट परमिट पर कटती हैं प्रति यात्री टिकट


दिल्ली के अधिकारियों ने कहा कि टूरिस्ट परमिट पर सरकारी बस स्टैंड से बस रवाना ही नहीं हो सकती और ना ही प्रति यात्री टिकट की काटी जा सकती है। बीते सप्ताह टूरिस्ट परमिट पर दिल्ली एयरपोर्ट के लिए भेजी गई पंजाब रोडवेज बस को जब दिल्ली में चेक किया गया तो उसमें प्रति यात्री टिकटें काटी हुई पाई गई। इसके अलावा ऐसे प्रमाण मिले कि बस को रास्ते में बस स्टैंडों पर भी रोका गया और यात्री चढ़ाए गए थे।


बादलों की बसें 200 किलोमीटर पंजाब में चलती हैं, पंजाब के अधिकारी पकड़ें


टूरिस्ट परमिट पर बादल परिवार के स्वामित्व वाली बसों के इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक किए जा रहे संचालन को लेकर दिल्ली सरकार के परिवहन अधिकारियों ने कहा कि उक्त बसें दिल्ली में मात्र 25 किलोमीटर सफर करती हैं, जबकि पंजाब में 200 किलोमीटर के करीब कवर करती हैं। पंजाब के परिवहन अधिकारी उन बसों के खिलाफ क्यों कार्रवाई नहीं करते। पंजाब के परिवहन अधिकारी अपनी जिम्मेदारी समझें। जालंधर से अंबाला की दूरी लगभग 200 किलोमीटर है, लेकिन पंजाब के परिवहन अधिकारी उन पर कोई कार्रवाई नहीं कर रहे हैं।

Posted By: Pankaj Dwivedi

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस

ਪੰਜਾਬੀ ਵਿਚ ਖ਼ਬਰਾਂ ਪੜ੍ਹਨ ਲਈ ਇੱਥੇ ਕਲਿੱਕ ਕਰੋ!