जागरण संवाददाता, तरनतारन। तमिलनाडू में हेलीकाप्टर हादसे में जान गवाने वाले भारतीय सेना के नायक गुरसेवक सिंह का चौथे दिन पार्थिव शरीर लेकर सेना की टुकड़ी गांव दोदे सोढ़िया पहुंची। जिसे देखते ही ग्रामीणों ने भारत माता की जय, गुरसेवक सिंह अमर रहे के नारे लगाए गए। इस मौके खेमकरण के विधायक सुखपाल सिंह भुल्लर, डीसी कुलवंत सिंह, पूर्व विधायक विरसा सिंह वल्टोहा, आप के स्वर्ण सिंह धुन्न, गुरसेवक सिंह औलख के अलावा सेना के अधिकारियों ने फूल मालाओं से गुरसेवक सिंह को श्रद्धांजलि अर्पित की। गुरसेवक सिंह की पत्नी जसप्रीत कौर बार-बार अपने पति के चेहरे को देखने की जिद्द करती रहीं।

तीन मासूम बच्चे भी अपने पिता को पुकारते आंसू बहा रहे थे। इस मौके काबल सिंह अपने बेटे के पार्थिव शरीर वाले ताबूत पर लेटकर आवाजे लगाते कह रहे थे की सेवका तू बोलदा क्यों नहीं। आह वेख लो लोको मेरा पुत्र आपने देश दे लेखे लग गया। सरपंच गुरबाज सिंह ने पंचायत की और से सैनिक नायक गुरसेवक सिंह के पार्थिव शरीर पर चादर चढ़ाई। डीसी कुलवंत सिंह ने कहा कि देश भर को बुरी तरह से झंजोड़ने वाले हादसे को पूरी जिंदगी भुलाया नहीं जा सकता। गुरसेवक सिंह के पार्थिव शरीर को लेकर पहुंची सेना की टुकड़ी ने बताया कि जनरल बिपिन रावत के पीएसओ गुरसेवक सिंह बहुत बहादुर और खुश तबीयत वाले योद्धा थे।

Edited By: Vinay Kumar