जालंधर, [अखंड प्रताप]। नशे के खिलाफ चलाए जा रहे जालंधर पुलिस के अभियान को बड़ी सफलता हाथ लगी। सीआईए स्टाफ टू की टीम ने शुक्रवार को नशे के एक बड़े नेटवर्क का भंडाफोड़ करते हुए एक आरोपित को 1 किलो हेरोइन चार अवैध पिस्टल 12 जिंदा कारतूस समेत गिरफ्तार कर लिया।

पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि बरामद की गई हेरोइन पाकिस्तान से आई थी, जिसकी डिलीवरी लेकर आरोपित अमृतसर से जालंधर आ रहा था। वहीं आरोपितों से पूछताछ में यह भी सामने आया है कि इस पूरे सिंडिकेट को नाभा और फरीदकोट जेल में बैठे दो बदमाश ऑपरेट कर रहे हैं। जिसके बाद अब सीआईए स्टाफ की टीम जेल में बैठे बदमाशों और उनके साथियों के नेटवर्क खंगालने में जुट गई है। गिरफ्तार किए गए आरोपित और जेल में बैठे सिंडिकेट के सरगना के खिलाफ संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर लिया है।

मुखबिर की सूचना पर हुई कार्रवाई

मामले की जानकारी देते हुए सीआईए स्टाफ टू के इंचार्ज इंस्पेक्टर जनरल सिंह ने बताया कि उन्हें मुखबिर खास से सूचना मिली थी कि नाभा जेल में बंद पटियाला के कर्मजीत सिंह और फरीदकोट में बंद तरनतारन निवासी मनप्रीत सिंह मन्ना बड़े स्तर पर नशे और हथियारों का कारोबार कर रहे हैं। दोनों ही आरोपित जेल में बैठकर अपने गुर्गों के जरिए इस पूरे नेटवर्क को ऑपरेट कर रहे हैं। जिसके लिए दोनों ही आरोपित इंटरनेट कॉलिंग के जरिए अपने साथियों के साथ जुड़े हुए हैं।

जेल में बैठे सरगना के कहने पर करता था हथियार और नशे की सप्लाई

सीआईए टू के इंचार्ज जनरल सिंह की माने तो उन्हें मुखबिर से सूचना मिली थी कि हथियारों और नशे की सप्लाई देने आ रहा संगरूर निवासी लक्ष्मण सिंह अमृतसर से हथियारों और नशे की खेप लेकर किशनपुरा से आदमपुर की तरफ जाएगा। जिसके बाद पुलिस ने नाकाबंदी करते हुए आरोपित को काबू कर लिया। अब आरोपित से पूछताछ कर यह जानने की कोशिश की जा रही है कि वह हेरोइन की तस्करी किसे देने जा रहा था।

ग्रेजुएशन का छात्र है आरोपित

पुलिस की पूछताछ में यह भी सामने आया है कि पकड़ा गया आरोपी लक्ष्मण सिंह ग्रेजुएशन का छात्र है और उसके कुछ साथी जेलों में बंद हैं। उनके संपर्क में आने के बाद उसने हेरोइन और हथियारों की सप्लाई का काम शुरू कर दिया था। अब पुलिस इस बात की भी तस्दीक करने में जुटी हुई है कि गिरफ्तार आरोपित ने इससे पहले कहां-कहां और कब हथियारों और नशे की खेत की सप्लाई की है।

Edited By: Vikas_Kumar