जालंधर, जेएनएन। नाबालिग का अपहरण करने के मामले में फंसे भाजपा नेता शीतल अंगुराल व उसका भाई राजन अंगुराल अंडरग्राउंड हो गए हैं। केस दर्ज होने के बाद लगातार तीसरे दिन भी पुलिस ने उसकी तलाश में छापामारी की, लेकिन वे नहीं मिले। दूसरी तरफ शिकायतकर्ता नाबालिग की मां द्वारा आरोपितों को समर्थन देने के बावजूद पुलिस मामले में नरमी बरतने को तैयार नहीं है।

एसीपी वेस्ट बरजिंदर सिंह ने कहा कि पीडि़त ने जिला बाल संरक्षण अधिकारी (डीसीपीओ) को लिखित शिकायत दी थी। इसके बाद पुलिस ने शीतल व उसके भाई समेत छह लोगों पर केस दर्ज किया था। शिकायतकर्ता के बयान भी दर्ज कर लिए हैं। अब आरोपित खुद को बचाने के लिए शिकायतकर्ता की मां पर दबाव बना रहे हैं।

मारपीट से लेकर हत्या की कोशिश के केस हो चुके हैं दर्ज

आरोपित शीतल अंगुराल व उसके भाई राजन के खिलाफ सितंबर 2001, मई 2002 व नवंबर 2005 में हत्या की कोशिश के तीन मामले दर्ज हो चुके हैं। हाला ही में शीतल सहित दस लोगों को थाना भार्गव कैंप की पुलिस ने जुआ खेलते हुए गिरफ्तार किया था। शीतल के खिलाफ कुल सात मामले और राजन के खिलाफ छह मामले दर्ज हो चुके हैं।

शीतल और विवादों का चोली दामन का साथ

भाजपा एससी मोर्चा की राष्ट्रीय कार्याकारिणी के पूर्व सदस्य शीतल अंगुराल अक्सर विवादों में रहता है। शीतल अंगुराल को पिछले दिनों भार्गव कैंप पुलिस ने साथियों के साथ जुआ खेलने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। हालांकि बाद में उन्हें थाने से ही जमानत मिल गई थी। अंगुराल ने मामले को झूठा करार दिया था। बता दें कि शीतल अंगुराल पूर्व पंजाब भाजपा प्रधान विजय सांपला के करीबी माने जाते हैं। अंगुराल ने पिछले विधानसभा चुनाव में भी पार्टी की टिकट हासिल करने की कोशिश की थी पर नाकाम रहे थे।

हरियाणा की ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

पंजाब की ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें 

 

Posted By: Pankaj Dwivedi

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस

ਪੰਜਾਬੀ ਵਿਚ ਖ਼ਬਰਾਂ ਪੜ੍ਹਨ ਲਈ ਇੱਥੇ ਕਲਿੱਕ ਕਰੋ!