जागरण संवाददाता, जालंधर: सबसे ज्यादा सफाई वाले वार्ड को विकास कार्यों के लिए सांसद निधि से पांच लाख रुपये का इनाम देने की घोषणा के मामले में सांसद संतोख चौधरी पार्षदों के निशाने पर आ गए हैं। वार्ड-35 से भाजपा पार्षद गीता रानी के पति रुतेश निहंग ने सवाल उठाया है कि उनका वार्ड मेयर के वार्ड की तुलना में आबादी व क्षेत्र के लिहाज से काफी बड़ा है। उनके वार्ड में 8 सफाई सेवक हैं जबकि मेयर के वार्ड में 40। मेयर की पत्नी अनीता राजा के वार्ड में भी 40 सफाईकर्मी हैं। ऐसे में वे कहां मुकाबला कर पाएंगे।

रुतेश निहंग ने कहा कि असल प्रतियोगिता तो तब होगी जब पूरे शहर में सभी वार्डों में सफाई सेवकों की संख्या समान की जाए। अगर ऐसा नहीं होता है तो ये प्रतियोगिता बेमानी है या फिर कांग्रेस के कुछ पार्षदों को खुश करने की कवायद है। वार्ड 77 की पार्षद श्वेता धीर के पति विनीत धीर ने भी रुतेश निहंग की बात का समर्थन किया है। विनीत धीर का कहना है कि उनके वार्ड में भी सिर्फ 8 सफाई सेवक हैं, जिनमें से अक्सर दो छुट्टी पर होते हैं। पूरे वार्ड की सफाई का भार करीब 5-6 सफाई कर्मियों के कंधों पर रहता है।

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सांसद पहले एक समान सफाई सेवक दिलाएं

वार्ड 40 के पार्षद वरेश मिन्टू भगत का कहना है कि उनका वार्ड काफी बड़ा है और सफाई सेवक 11 हैं। कई बीमार व अन्य परेशानी के चलते छुट्टी पर होते हैं। वहीं, दिग्गज कांग्रेस पार्षदों के पास ज्यादा सफाई सेवक हैं। ऐसे में कम सफाई सेवकों के सहारे कैसे उनका मुकाबला कर सकते हैं। सांसद चौधरी संतोख ¨सह को पहले सभी वार्डो में समान सफाई सेवक मुहैया करवाने चाहिए।

Posted By: Jagran