जालंधर में दर्दनाक हादसा, तेज रफ्तार कार ने बाइक सवार पिता-पुत्र को रौंदा; बेटे को छोड़ने जा रहे थे स्कूल
जालंधर के चौगिट्टी चौक पर एक तेज रफ्तार कार ने बाइक सवार पिता-पुत्र को टक्कर मार दी। विजय कुमार अपने ...और पढ़ें
HighLights
जालंधर में तेज रफ्तार कार ने पिता-पुत्र को टक्कर मारी
विजय कुमार गंभीर घायल, बेटा भी हुआ बेहोश
पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही, चालक की तलाश जारी
जागरण संवाददाता, जालंधर। पंजाब के जालंधर के चौगिट्टी चौक के नजदीक शुक्रवार सुबह एक सड़क हादसे में तेज रफ्तार कार चालक ने पिता-पुत्र को जोरदार टक्कर मार दी और चालक मौके से फरार हो गया। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए।
हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और आसपास के लोग तुरंत मदद के लिए दौड़ पड़े। जानकारी के मुताबिक घायल की पहचान विजय कुमार (47) निवासी सूर्या एन्क्लेव ग्रीन सिटी के रूप में हुई है। वह अपने बेटे को स्कूल छोड़ने के लिए बाइक पर जा रहे थे।
जैसे ही वे चौगिट्टी चौक के पास बिजली घर के बाहर पहुंचे, तभी तेज रफ्तार से आ रही एक ग्रे रंग की कार ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर के बाद कार चालक बिना रुके मौके से फरार हो गया।

हादसे में विजय कुमार गंभीर रूप से घायल होकर खून से लथपथ सड़क पर गिर गए, जबकि उनका बेटा भी गिरने से बेहोश हो गया। इस दृश्य को देखकर राहगीर तुरंत मौके पर रुके और बच्चे को संभाला। लोगों ने बच्चे को गोद में उठाकर उसे पानी के छींटे दिए, जिससे कुछ ही देर में उसे होश आ गया।
वहीं, अन्य लोगों ने तुरंत एंबुलेंस को सूचना दी। घटना की सूचना मिलते ही 112 और एसएसएफ की टीम मौके पर पहुंची और ट्रैफिक को सुचारू रूप से चालू कराया। एंबुलेंस के जरिए घायल विजय कुमार को तुरंत एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है।
मौके पर पहुंचे थाना रामामंडी के सब इंस्पेक्टर सुखदेव सिंह ने बताया कि पुलिस को हादसे की सूचना मिलते ही टीम तुरंत मौके पर पहुंची। जांच में सामने आया है कि एक तेज रफ्तार कार ने मोटरसाइकिल को टक्कर मारी और चालक फरार हो गया।
उन्होंने कहा कि आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है और जल्द ही आरोपित चालक को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि ऐसे हादसों को रोकने के लिए सख्त कदम उठाए जाएं, ताकि भविष्य में किसी और को इस तरह की दुर्घटना का शिकार न होना पड़े।
