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दीवाली से पहले महिलाओं के खातों में आएंगे 1000 और 1500 रुपये, CM भगवंत मान ने किया एलान

Published: Wed, 28 Oct 2026 11:08 PM (IST)

मुख्यमंत्री भगवंत मान ने घोषणा की है कि 1 नवंबर को 'मावां-धीयां सत्कार योजना' के तहत महिलाओं को सम्मान राशि ...और पढ़ें

एक नवंबर को महिलाओं के खाते में आएगी सम्मान राशि : मान।

एक नवंबर को महिलाओं के खाते में आएगी सम्मान राशि : मान।

HighLights

  1. 1 नवंबर को महिलाओं को 'मावां-धीयां सत्कार योजना' की अगली किस्त।

  2. भगवंत मान सरकार की जन कल्याणकारी योजनाओं से जनता को लाभ।

  3. पंजाब में शिक्षा, रोजगार, मुफ्त बिजली में हुए महत्वपूर्ण सुधार।

जागरण संवाददाता, जालंधर (नकोदर)। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने घोषणा की है कि एक नवंबर को महिलाओं के मोबाइल फोन पर एक बार फिर ‘टुन-टुन’ की आवाज सुनाई देगी। इस दिन मुख्यमंत्री मावां-धीयां सत्कार योजना के तहत महिलाओं को सम्मान राशि की अगली किस्त जारी की जाएगी।

जालंधर जिले के नकोदर विधानसभा क्षेत्र के गांव सरिन्ह में बुधवार को आयोजित लोक मिलनी कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार जनता के पैसे को जनकल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से वापस जनता तक पहुंचा रही है।

पिछली सरकारों पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि पहले जनता के पैसे से अपने खजाने भरे जाते थे, जबकि उनकी सरकार आम लोगों के कल्याण और पंजाब के विकास के लिए काम कर रही है।

मुख्यमंत्री ने भाजपा, कांग्रेस और शिरोमणि अकाली दल पर आरोप लगाया कि ये पार्टियां जनहित की योजनाओं को बंद करने की धमकियां दे रही हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब के लोग ऐसी कोशिशों को स्वीकार नहीं करेंगे, जिनसे आम परिवारों को मिल रही राहत छिन जाए।

उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस और भाजपा का मकसद उन्हें मुख्यमंत्री पद से हटाना है, क्योंकि वे एक साधारण परिवार से निकलकर मुख्यमंत्री की कुर्सी तक पहुंचे व्यक्ति को स्वीकार नहीं कर पा रहे हैं।

मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि उनकी सरकार ने साढ़े चार वर्षों में 70,862 युवाओं को योग्यता के आधार पर सरकारी नौकरियां दी हैं। भर्ती प्रक्रिया में सिफारिश, पैसे और राजनीतिक पहुंच के बजाय मेरिट को प्राथमिकता दी गई है। पहले गरीब परिवारों के बच्चों के लिए डॉक्टर और इंजीनियर बनना मुश्किल होता था, क्योंकि आर्थिक स्थिति उनके रास्ते में बाधा बनती थी।

अब रिक्शा चालकों, छोटे दुकानदारों और सब्जी विक्रेताओं के बच्चे भी नीट जैसी प्रतिष्ठित परीक्षाओं में सफलता हासिल कर रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि पंजाब के सरकारी स्कूलों से नीट परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले विद्यार्थियों की संख्या वर्ष 2021 में 80 थी, जो बढ़कर अब 882 हो गई है। वर्ष 2022 में सरकार बनने के समय पंजाब शिक्षा के क्षेत्र में 27वें स्थान पर था। उनके अनुसार, केंद्र सरकार के आकलन में अब पंजाब ने प्राथमिक शिक्षा के क्षेत्र में पहला स्थान हासिल किया है।

90 प्रतिशत परिवारों को मिल रही मुफ्त बिजली का लाभ

भगवंत मान ने दावा किया कि पंजाब के लगभग 90 प्रतिशत परिवार मुफ्त बिजली योजना का लाभ उठा रहे हैं। उन्होंने कहा कि बिजली बिल में बचने वाली राशि का इस्तेमाल परिवार बच्चों की पढ़ाई, दवाइयों और अन्य जरूरी खर्चों के लिए कर सकते हैं। लगभग 54 लाख परिवारों के स्वास्थ्य कार्ड बनाए जा चुके हैं।

किसानों के खेतों तक नहरी पानी पहुंचाने के लिए सिंचाई व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है। 14 हजार किलोमीटर पाइपलाइन बिछाई गई है और सिंचाई नेटवर्क के माध्यम से 18 हजार क्यूसेक पानी खेतों तक पहुंचाया जा रहा है।

25 साल राज करने का दावा करने वाले अकालियों के पास आज समर्थक नहीं

मुख्यमंत्री ने कहा कि जो लोग कभी पंजाब पर 25 साल तक राज करने का दावा करते थे, वे आज पांच समर्थकों को भी एकत्र करने के लिए संघर्ष कर रहे हैं। वहीं कांग्रेस पंजाब के भविष्य के लिए ठोस दृष्टिकोण पेश करने के बजाय राजनीतिक जोड़तोड़ और नेतृत्व की लड़ाई में उलझे हुए हैं।

2027 के विधानसभा चुनावों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि सरकार के कामकाज पर अंतिम फैसला जनता अपने वोट के माध्यम से करेगी।