जागरण संवाददाता, जालंधर। पोस्ट मैट्रिक स्कालरशिप के हक से वंचित कोई भी विद्यार्थी न रहे। जो इस स्कीम के योग्य है, उसे इसका लाभ अवश्य मिले। पंजाब शिक्षा विभाग के डीजीएसई प्रदीप अग्रवाल ने राज्य के सभी जिला शिक्षा अधिकारियों और उनके अधीन आने वाले सरकारी स्कूलों के प्रिंसिपलों को प्रत्येक योग्य विद्यार्थी को स्कीम का लाभ दिलाने के आदेश दिए हैं।

उन्होंने यह भी कहा है कि अगर कोई विद्यार्थी इस स्कीम से वंचित रह जाए तो उसकी पूरी जिम्मेदारी स्कूल प्रमुख की होगी। ऐसे में उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई भी की जा सकती है। इसलिए ध्यान रखें कि दोबारा बीआर अंबेडकर पोस्ट मेट्रिक स्कालरशिप का पोर्टल खोला गया है। 25 जनवरी तक सभी प्रक्रिया पूरी करने के लिए कह दिया है और 31 जनवरी तक शिक्षण संस्थानों को विद्यार्थियों की फाईलों को सैंक्शन करने की कार्रवाई करने को कहा है। संबंधी विद्यार्थियों की सारी जानकारी तुरंत से तुरंत पोर्टल पर अपडेट करें। इसके अलावा पोस्ट मैट्रिक स्कालरशिप फार एससी स्कीम विद्यार्थियों के लिए फ्रीशिप कार्ड अप्लाई करने के लिए 25 जनवरी अंतिम तिथि है।

बता दें कि फ्रीशिप कार्ड के बिना विद्यार्थियों को स्कालरशिप स्कीम का लाभ नहीं मिल सकता है। इसलिए सरकार के आदेशों के बाद प्रत्येक कालेज व स्कूल के विद्यार्थी के लिए फ्रीशिप कार्ड बनाना अनिवार्य किया हुआ है। ऐसे में फ्रीशिप कार्ड बनाने से वंचित न रह जाए इसके लिए सरकार की तरफ से स्कूल कालेजों को ही कैंप लगाने के आदेश दिए गए थे। क्योंकि फ्रीशिप कार्ड बनाने के लिए विद्यार्थियों को 100 से 500 रुपये तक का खर्च इंटरनेट कैफे में जाकर उठाना पड़ रहा था। जिस वजह से विद्यार्थी फ्रीशिप कार्ड अधिकतर नहीं बनवा पा रहे थे। तभी सरकार के आदेशों पर कालेजों ने अपने विद्यार्थियों के लिए निश्शुल्क फ्रीशिप कार्ड बनाने के कैंप लगाने शुरू किए थे।

Edited By: Pankaj Dwivedi