संवाद सूत्र, बंगा (नवांशहर)। बंगा रिजर्व सीट पर अकाली दल बादल की ओर से विधायक डॉ. सुखविंदर कुमार सुक्खी को फिर से अकाली दल का उम्मीदवार घोषित किया गया है। घोषणा के बाद अकाली दल और बसपा दोनों के कार्यकर्ताओं में खुशी की लहर है। विधायक डा. सुखविंदर कुमार सुक्खी ने उनके नाम की घोषणा किए जाने के बाद बंगा के गुरुद्वारा श्री चरणकमल साहिब में छठी पातशाही श्री गुरु हरगोबिंद साहिब के चरणों में नतमस्तक होकर शबद गुरु को रूमाला भेंट किया। श्री चरणकमल साहिब गुरुद्वारा के ग्रंथी ने डॉ. सुक्खी की चढ़दी कला की अरदास की।

इस मौके पर डा. सुक्खी के साथ अकाली दल के जिला अध्यक्ष बुध सिंह बलाकीपुर, सतनाम सिंह लादियां, कुलविंदर सिंह ढाहां, सुखदीप सिंह शुकार, सोहनलाल ढंडा, डोगर राम बैंस, जीत सिंह, हिम्मत तेजपाल, जसविंदर सिंह मान, प्रवीन बंगा, रविंद्र कौर मैहमी, प्रदीप जस्सी, विजय मजारी, अजीत सिंह, नीलम सहजल, पूनम अरोड़ा, कुलविंदर सिंह लाडी, हरदयाल सिंह, विनीत, मनजीत सिंह आदि बड़ी संख्या में लोगों ने उनके साथ गुरुद्वारा साहिब में माथा टेका तथा पार्टी की जीत के लिए अरदास की।

इस मौके पर बोलते हुए डा. सुक्खी ने दावा किया कि अब पार्टी को बसपा का साथ मिल गया है। इसका बंगा की दलित बाहुल्य सीट पर उन्हें बड़ा फायदा मिलेगा। उन्होंने कहा कि बंगा में कांग्रेस बंटी हुई है और पिछले 5 सालों के दौरान बंगा के विकास के लिए कांग्रेस ने कोई भी ठोस कदम नहीं उठाया है। पार्टी को इसका खामियाजा चुनाव में भुगतना पड़ेगा। कांग्रेस ने दलित विद्यार्थियों के वजीफे के साथ-साथ उनका कॉर्पोरेटिव सोसायटियों से लिया गया 25 हजार रुपये का कर्ज माफ न करके बड़ा धक्का किया है। कैप्टन सरकार अपने वादे से मुकर गई है। इसके लिए बंगा क्षेत्र सहित पूरे पंजाब का दलित कांग्रेस से मुंह फेर चुका है।

उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार के साथ-साथ कांग्रेस भी तीन कृषि कानून पास करवाने के लिए जिम्मेवार है। अकाली दल की मंत्री हरसिमरत कौर ने किसानों के हक में आवाज उठाते हुए मोदी मंलिामंडल से इस्तीफा देकर किसानों की पक्षधर होने का सबूत दिया है। बसपा के प्रदेश महासचिव तथा बंगा विधानसभा सीट के इंचार्ज प्रवीण बंगा ने दावा किया है कि बसपा एकजुट होकर डा. सुक्खी को जिताएगी। 

Edited By: Pankaj Dwivedi