संवाद सहयोगी, बटाला : पंजाब हेरिटेज एंड कल्चरल सोसायटी की ओर से विश्व प्रसिद्ध आर्किटेक्ट भाई राम सिंह का 163वां जन्मदिन उनके गांव रसूलपुर में मनाया गया। इस दौरान गांव रसूलपुर की विशेष सभा करके श्री सुखमणि साहिब के पाठ का जाप किया गया और भाई राम सिंह के जीवन के बारे में बातचीत की गई। यह पहली बार था जब गांव रसूलपुर के लोगों ने भाई राम सिंह को जन्मदिन मौके याद किया।

समागम के दौरान पंजाब हेरिटेज एंड कल्चरल सोसायटी बटाला के प्रतिनिधि इंद्रजीत सिंह हरपुरा ने बताया कि 163 साल पहले गांव रसूलपुर में 1 अगस्त 1858 को आसा सिंह सोहल के घर भाई राम सिंह का जन्म हुआ था। भाई राम सिंह ने अपनी प्राथमिक शिक्षा अमृतसर के मिशन स्कूल से हासिल करके लाहौर के मेओ आर्ट कालेज से इमारतों के नक्शे बनाने की पढ़ाई की। पढ़ाई पूरी करने के बाद वे मेओ कालेज आफ आर्ट में ही अध्यापक लग गए और अपनी नौकरी के अंतिम तीन साल वह इस कालेज के प्रिसिपल भी रहे। इंद्रजीत सिंह हरपुरा ने बताया कि भाई राम सिंह ने क्वीन विक्टोरिया के दरबार हाल की सारी इंटीरियर डिजाइनिग की, लाहौर बोर्डिग हाउस का नक्शा, श्री हरमंदिर साहिब अमृतसर की मार्बल डिजाइनिंग और वुड कर्विंग, चंबा हाउस लाहौर, खालसा कालेज अमृतसर, सारागढ़ी गुरुद्वारा अमृतसर, गवर्नमेंट हाउस लाहौर का सारा फर्नीचर, सीलिग आफ ग्रीन हाल जम्मू-कश्मीर, इस्लामिया यूनिवर्सिटी पैशावर, डिजाइन आफ न्यू रेलवे थीएटर लाहौर, इंटीरियर डिजाइनिग वर्क आफ सेनडमन हाल कोइटा (पाकिस्तान), एग्रीकल्चर कालेज लाइलपुर, आर्टिशन कालेज लहौर, दरबार हाल कपूरथला, इंपीरियल कोर्ट पंजाब शोकेस, मलिक उमर हियात की रिहाइश कालरा अस्टेट आदि विश्व प्रसिद्ध इमारतों के नक्शे तैयार किए और उनकी इंटीरियर डिजाइनिंग की। शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी द्वारा भाई जतिदरपाल सिंह भाटिया, भाई लालो फाउंडेशन के प्रधान हरजीत सिंह, सुखदेव सिंह, शेर-ऐ-पंजाब सिंह ने भी भाई राम सिंह के जीवन के बारे में अपने विचार पेश किए। इस मौके गांव रसूलपुर के पूर्व सरपंच बलकार सिंह और पूर्व एसएचओ परमजीत सिंह, कुलवंत सिंह, गुरदेव सिंह, भाई बलबीर सिंह, गुरप्रीत सिंह, जरनैल सिंह, धनराज सिंह, बलविदर सिंह, जगीर सिंह, बलजीत सिंह, पंजाब हेरिटेज एंड कल्चरल सोसायटी बटाला के प्रतिनिधि ठेकेदार कुलविदर सिंह लाडी जस्सल, प्रो.जसबीर सिंह, एडवोकेट एचएस मांगट, अनुराग, हरजीत, गोपिदर सिंह, सरपंच दलजीत सिंह, बलविदर सिंह आदि मौजूद थे।

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