जेएनएन, बटाला [गुरदासपुर]। कादियां थाना के SHO परमिंदर सिंह पर अहमदिया जमात के फरीद नाम के युवक को थाने में टॉर्चर करने के आरोप लगे हैं। SHO ने युवक को धमकी दी कि उसकी जमात के लोगों की टांगें काटकर उन्हें ब्यास नदी में फेंक पाकिस्तान भेज दूंगा।

मामला सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह के संज्ञान मेें पहुंचा तो उन्होंने अहमदिया जमात के कादियां स्थित मुख्यालय में फोन कर इस घटना पर दुख जताया। इसके बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। एसएसपी बटाला ने जांच के लिए कमेटी बना दी है। कैबिनेट मंत्री तृप्त राजिंदर सिंह बाजवा तक भी मामला पहुंच गया है। कादियां के लकड़ी के कारीगर फरीद को पुलिस देर रात उसके घर से उठाकर थाने ले गई थी। 

पीड़ित फरीद ने बताया कि फोन में सिग्नल कम होने के कारण वह बात करने के लिए दरवाजे से बाहर खड़ा था। पुलिस की गाड़ी रुकी और गाली गलौज करते हुए पुलिस वाले थप्पड़ मारने लगे। आरोप है कि SHO समेत सभी पांच मुलाजिमों ने शराब पी रखी थी। उसे जबरदस्ती जीप में बिठाकर थाने ले गए और उसे टॉर्चर किया।

पुलिस वाले नशे का फर्जी केस दर्ज करने वाले थे। उससे जबरदस्ती एक फर्जी माफीनामे पर हस्ताक्षर भी करवाए गए। इसी बीच, परिवार और जमात के लोग थाने पहुंच गए। उधर, एसएसपी बटाला उपेंद्रजीत सिंह घुम्मण का कहना है कि मामले की जांच के लिए कमेटी का गठन किया गया है। डीएसपी हेडक्वार्टर माधवी शर्मा को जांच का जिम्मा सौंपा है। आरोप सही हुए तो SHO के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी।

आरोप बेबुनियाद, शक के आधार पर लाए थे थाने : एसएचओ

एसएचओ परमिंदर सिंह का कहना है कि आरोप बेबुनियाद हैं। युवक को सिर्फ पूछताछ के लिए थाने लेकर आए थे। वहां पर उसने बताया कि वह मूलरूप से हैदराबाद का रहने वाला है। यहां पर लकड़ी का कारीगर है। देर रात घर से बाहर खड़ा होने के कारण शक के आधार पर उसे थाने लगा गया था। उसकी जमात के लोग खुद कह रहे हैं कि उसे बिरादरी से बाहर निकाला हुआ है।

हरियाणा की ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

पंजाब की ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें 

Posted By: Kamlesh Bhatt

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस

ਪੰਜਾਬੀ ਵਿਚ ਖ਼ਬਰਾਂ ਪੜ੍ਹਨ ਲਈ ਇੱਥੇ ਕਲਿੱਕ ਕਰੋ!