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गुरदासपुर में टूटा ठंड का 8 साल पुराना रिकॉर्ड, पारा 2 डिग्री तक लुढ़का; बुजुर्ग-बच्चों को डॉक्टरों की चेतावनी

Published: Mon, 12 Jan 2026 05:01 PM (IST)

गुरदासपुर में 12 जनवरी को आठ साल का ठंड का रिकॉर्ड टूटा, न्यूनतम तापमान 2 डिग्री सेल्सियस तक गिर गया। ...और पढ़ें

शहर के कई इलाकों में लोग अलाव जलाकर तापते दिखे (फोटो: जागरण)

शहर के कई इलाकों में लोग अलाव जलाकर तापते दिखे (फोटो: जागरण)

HighLights

  1. गुरदासपुर में 12 जनवरी को 8 साल का रिकॉर्ड टूटा।

  2. न्यूनतम तापमान 2 डिग्री सेल्सियस तक गिरा, कड़ाके की ठंड।

  3. डॉक्टरों ने बुजुर्गों और बच्चों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी।

गगनदीप सिंह बावा, गुरदासपुर। पिछले कई दिनों से सर्दी से ठिठुर रहे शहरवासियों के लिए सोमवार का दिन एक नई मुसीबत लेकर आया। शहर में आठ साल बाद 12 जनवरी का दिन सबसे ठंडा रहा, जब न्यूनतम तापमान गिरकर मात्र दो डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। इसके साथ ही अधिकतम तापमान भी महज 12 डिग्री पर ठहरा, जिसने पूरे दिन को सर्दी की जकड़न में बांध दिया। मौसम विभाग के अनुसार यह इस सीजन का अब तक का सबसे निचला स्तर है और सोमवार के दिन का यह रिकार्ड पिछले आठ वर्षों में सबसे भीषण है।

सिर्फ कम तापमान ही नहीं, बल्कि पांच किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से चलने वाली सर्द हवाओं ने लोगों की मुश्किलों में और इजाफा किया। ठंडी हवाओं के कारण कोल्ड वेव जैसी स्थिति बन गई, जिससे शरीर का तापमान और भी तेजी से गिरने लगा। मौसम विभाग ने इस हवा को हल्की से मध्यम सर्द हवा बताया है, लेकिन नमी और बादल छाए रहने के कारण इसका प्रभाव काफी कठोर रहा।

पूरे दिन आसमान पर बादलों का कब्जा रहा और सूर्यदेव के दर्शन नहीं हुए। इस कारण धूप की गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद भी खत्म हो गई। शहर के कई इलाकों में खासतौर पर बाजारों और खुले काम करने वाले इलाकों में लोग सर्दी से बचने के लिए अलाव जलाकर तापते नजर आए। रिक्शा चालक, सड़क पर काम करने वाले मजदूर और छोटे दुकानदार ठंड से सबसे ज्यादा प्रभावित हुए। सर्दी के मारे लोगों ने घरों से निकलने के बजाय गर्म कपड़ों और अलाव का सहारा लिया।

इस भीषण ठंड ने स्वास्थ्य संबंधी चिंताओं को भी बढ़ा दिया है। शहर के प्रमुख अस्पतालों में सर्दी-जुकाम, बुखार, अस्थमा से पीड़ित मरीजों की संख्या में अचानक वृद्धि दर्ज की गई है। डाक्टरों ने बढ़ती सर्दी के मद्देनजर बुजुर्गों और बच्चों का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी है। डॉ. नरेश शर्मा का कहना है कि अत्यधिक ठंड से हाइपोथर्मिया, दिल के दौरे और सांस संबंधी बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। बुजुर्गों को जरूरत पड़ने पर ही घर से बाहर निकलना चाहिए।

बच्चों को पर्याप्त गर्म कपड़े पहनाएं और उन्हें ठंडी हवा के सीधे संपर्क में आने से बचाएं। हालांकि मौसम विभाग ने कुछ राहत भरी खबर दी है। विभाग के अनुसार अगले हफ्ते से सर्दी से थोड़ी राहत मिलने की संभावना है। तापमान में धीरे-धीरे वृद्धि हो सकती है और बादल छटने से धूप निकलने की भी उम्मीद है। हालांकि, रात और सुबह का तापमान अभी भी कम ही रहेगा, इसलिए सावधानी बरतने की जरूरत बनी रहेगी।

इस भीषण ठंड ने लोगों की दिनचर्या को भी प्रभावित किया है। सुबह की सैर और बाहरी खेल गतिविधियां बंद हो गई हैं। बाजारों में भीड़ कम नजर आई और लोग जल्दी-जल्दी अपने काम निपटाकर घर लौटने को मजबूर हुए। मौसम विभाग के अनुसार अगले 24-48 घंटों तक तापमान में कोई खास बदलाव नहीं होने की संभावना है। हवा की गति भी लगभग ऐसी ही बनी रहेगी। हालांकि, सप्ताह के अंत तक हल्की धूप और तापमान में मामूली वृद्धि का अनुमान है। इस तरह शहरवासियों के लिए सोमवार का दिन वाकई एक आफत बनकर आया।

आठ साल का रिकार्ड टूटना और लगातार कई दिनों से चली आ रही सर्दी ने लोगों का जीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। हालांकि, मौसम विभाग द्वारा अगले हफ्ते से मिलने वाली राहत की उम्मीद ने लोगों को कुछ सांत्वना दी है। फिलहाल डाक्टरों की सलाह का पालन करते हुए और पर्याप्त सावधानी बरतते हुए इस मौसम का सामना करना ही एकमात्र विकल्प है।

वर्ष (Year) अधिकतम तापमान (°C) न्यूनतम तापमान (°C)
2025 18 10
2024 09 06
2023 12 10
2022 12 05
2021 09 08
2020 16 08
2019 16 06
2018 19 08