संवाद सूत्र, फिरोजपुर : मयंक शर्मा फाऊंडेशन की ओर से करवाई गई चतुर्थ मयंक शर्मा आनलाइन पेंटिग प्रतियोगिता का परिणाम घोषित किया गया है, जिसमें फिरोजपुर, लुधियाना, अमृतसर, चंडीगढ़ और अंबाला के प्रतिभागियों ने सबसे अधिक पुरस्कार जीते।

प्रोजेक्ट संयोजक डा. गजलप्रीत अरनेजा ने बताया कि 2020 और इस वर्ष 2021 में कोविड की विपरीत परिस्थितयों के बावजूद इस प्रतियोगिता का आनलाइन आयोजन किया गया। अब यह प्रतियोगिता केवल जिला स्तर की ना रहकर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहुंच गई है। संस्थापकदीपक शर्मा ने बताया कि आनलाइन माध्यम टेलीग्राम एप पर कैटागरी अनुसार ग्रुप बनाकर पेंटिग प्राप्त की गई और 20 सदस्यीय निर्णायक मंडल की ओर से फाउंडेशन के सदस्यों के सहयोग से प्रतियोगिता को सुनियोजित ढंग से सम्पन्न किया गया।

प्रतियोगिता के नतीजे फेसबुक पर लाइव होकर , विजेताओं की पेंटिग बड़ी स्क्रीन पर दिखाकर पारदर्शी ढंग से घोषित किए गए। कुल पांच केटागरी में से 50 विजेता और 50 सांत्वना पुरस्कार कुल मिलाकर 100 सर्वश्रेष्ठ पेंटिग निकली गई। इनमें मुख्यत: बीसीएम स्कूल लुधियाना के सात, आर्मी पब्लिक स्कूल अंबाला के छह, डीसीएम प्रेजिडेंसी स्कूल लुधियाना के पांच, भवन जूनियर विद्यालय चंडीगढ़ के चार, शिवालिक पब्लिक स्कूल पटियाला के चार, दास एंड ब्राउन व‌र्ल्ड स्कूल फिरोजपुर के तीन, देव समाज कालेज फिरोजपुर के तीन प्रतिभागियों ने पुरस्कार जीते।

संस्था के सचिव राकेश कुमार ने बताया कि पहले वर्ग से 'मेरा प्रिय कार्टून चरित्र , दूसरे वर्ग से 'स्वच्छ भारत हरित भारत', तीसरे वर्ग से 'प्रकृति के लिए प्रेम' , चतुर्थ वर्ग से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और 'इतिहास व विरासत' तथा पांचवे वर्ग से 'कृषक नहीं तो भोजन नहीं' और 'जीवन के रंग' थीम्स पर प्रतिभागियों ने सर्वाधिक पेंटिग्स बनाई। प्रतियोगिता में मुख्य आकर्षण ये रहा कि लुधियाना की राधे अरोड़ा व उनके पिता प्रोफेसर मनोज अरोड़ा दोनों विजेता बने।

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