संवाद सहयोगी, अबोहर : अबोहर के गांव ढाणी तेलुपुरा के रहने वाले व‌र्ल्ड चैंपियनशिप के कांस्य पदक विजेता अंतरराष्ट्रीय व्हील चेयर पैरा बैडमिटन खिलाड़ी संजीव कुमार की अगुवाई में पंजाब के राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों की ओर से 24 जून को सीए आवास के बाहर धरना लगाने की घोषणा की गई है।

संजीव कुमार ने बताया सभी दिव्यांग खिलाड़ियों की ओर से पंजाब के सबसे बड़े खेल पुरस्कार राज्य पुरस्कार व महाराजा रणजीत सिंह अवार्ड वापस किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि 17 जनवरी 2019 को मुख्यमंत्री पंजाब की सरकारी कोठी के सामने धरना दिया गया था तो मुख्यमंत्री के ओएसडी संदीप सिंह और एमपी सिंह ने खिलाड़ियों की समस्या को जल्द हल करने का आश्वासन दिया गया था, लेकिन दो साल बीत जाने के बाद भी पंजाब के खिलाड़ी बेरोजगार हैं।

उन्होंने मुख्यमंत्री से अपील है कि जल्द से जल्द खिलाड़ियों की समस्या का हल किया जाएस जैसे कि राजस्थान और हरियाणा सरकार ने अपने खिलाड़ियों को नौकरी देने के लिए खेल पालिसी में बदलाव करके एक बराबर सम्मान देने की जो परंपरा बनाई है, वैसी परंपरा पंजाब में भी बनाई जाए और पंजाब के दिव्यांग खिलाड़ियों ने देश का नाम किया है, उनको उनका हक दिया जाए ।

मिड-डे मील वर्करों ने हरियाणा पैट्रन पर मांगा मानभत्ता संस, अबोहर : मिड-डे मील वर्कर यूनियन के शिष्टमंडल ने शुक्रवार को मांगों संबंधी एक मांगपत्र ब्लाक एक व दो के ब्लाक प्राइमरी शिक्षा अधिकारी को सौंपा। मिड-डे मील वर्कर यूनियन की ब्लाक प्रधान श्वेता रानी व ब्लाक दो की प्रधान पिदर कौर ने बताया कि वर्करों से स्कूल प्रमुखों द्वारा जबरदस्ती लिया जा रहा अतिरिक्त कार्य बंद किया जाए, मिड-डे मील वर्करों को छुट्टियों के दौरान स्कूलों में न बुलाया जाए।

मिड डे मील वर्करों को कम से कम मेहनताने के घेरे में लाया जाए, जब तक यह मांग पूरी नहीं होती उन्हें हरियाणा के पैट्रन पर 3500 रुपये मानभत्ता दिया जाए और वर्करों को 12 माह का वेतन दिया जाए। मिड डे मील वर्करों को अन्य महिला कर्मचारियों की तरह ही अकास्मिक अवकाश, मेडीकल अवकाश, प्रसूता अवकाश दिया जाए। स्कूलों में चौकीदारों का प्रबंध किया जाए। इस मौके पर अमनदीप कौर, सरोज रानी, रीटा रानी, प्रवीण कौर, सुखजीत कौर मौजूद थी।

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