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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 19, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Punjab News: पंजाब जेल में मुख्तार अंसारी की सेवा करने वाले अधिकारियों पर गिरेगी गाज, केस दर्ज करने की सिफारिश

By Jagran NewsEdited By: Narender Sanwariya
Published: Wed, 19 Apr 2023 06:16 AM (IST)

जेल में अंसारी को सुविधाएं देने के मामले में पूर्व जेल मंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा के खिलाफ भगवंत मान सरकार ...और पढ़ें

Punjab News: पंजाब जेल में मुख्तार अंसारी की सेवा करने वाले अधिकारियों पर गिरेगी गाज, केस दर्ज करने की सिफारिश
Punjab News: पंजाब जेल में मुख्तार अंसारी की सेवा करने वाले अधिकारियों पर गिरेगी गाज, केस दर्ज करने की सिफारिश

चंडीगढ़, राज्य ब्यूरो। पंजाब की रूपनगर जेल में गैंगस्टर से राजनेता बने मुख्तार अंसारी को विशेष सुविधाएं मिलती थीं। इसके बदले में जेल अधिकारियों ने अंसारी से रिश्वत ली थी। मामले की जांच के लिए राज्य सरकार की ओर से गठित की गई कमेटी की रिपोर्ट में यह तथ्य दर्ज है। अंसारी को विशेष सुविधाएं देने वाले अधिकारियों के खिलाफ केस दर्ज करने की सिफारिश की गई है।

अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (एडीजीपी) आरएन ढोके की यह जांच रिपोर्ट मुख्यमंत्री भगवंत मान के पास पहुंच गई है। अब शीघ्र ही इस मामले में बड़ी कार्रवाई हो सकती है। उल्लेखनीय है कि मुख्तार अंसारी रूपनगर जेल में जनवरी, 2019 से अप्रैल 2021 के बीच में बंद था। जेल में न सिर्फ उसे विशेष सुविधाएं दी गईं, बल्कि जिस मामले में पंजाब पुलिस उसको ट्रांजिट रिमांड पर लाई थी, उसका चालान भी पेश नहीं किया गया। रिपोर्ट में कहा गया है कि इस मामले में पंजाब पुलिस के कुछ अधिकारी भी जिम्मेदार हैं।

मुख्तार अंसारी रूपनगर जेल में जब बंद था, तब पंजाब में कैप्टन अमरिंदर सिंह की सरकार थी और सुखजिंदर सिंह रंधावा जेल मंत्री थे। विधानसभा चुनाव-2022 में अंसारी को विशेष सुविधाएं देने का मुद्दा बेहद गर्म रहा था। यह आरोप लगा था कि अंसारी के कांग्रेस नेताओं से संबंध थे।

उल्लेखनीय है कि मोहाली पुलिस जनवरी, 2019 में अंसारी को उत्तर प्रदेश की जेल से ट्रांजिट रिमांड पर लेकर आई थी। अंसारी पर मोहाली के सेक्टर-70 के एक बिल्डर से दस करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने का आरोप था। उत्तर प्रदेश पुलिस ने अंसारी को वापस भेजने के लिए 25 रिमाइंडर भेजे थे, लेकिन उसे नहीं भेजा गया। बाद में उत्तर प्रदेश पुलिस सुप्रीम कोर्ट और पहुंची थी। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद अंसारी को पंजाब से लेकर गई।

पूर्व जेल मंत्री रंधावा के खिलाफ हरजोत बैंस ने खोला था मोर्चा

जेल में अंसारी को सुविधाएं देने के मामले में पूर्व जेल मंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा के खिलाफ भगवंत मान सरकार में जेल मंत्री रहे हरजोत बैंस ने मोर्चा खोला था। बैंस अब शिक्षा मंत्री हैं। उन्होंने अंसारी के बारे में एक विस्तृत फाइल तैयार की थी, जिसमें बताया गया था कि कैसे अंसारी को जेल में वीआइपी सुविधाएं दी गईं।

अंसारी के परिवार ने जेल के पास एक घर लिया था। स्वजनों को किसी भी समय जेल में अंसारी से मिलने की आजादी थी। बैंस ने पंजाब विधानसभा में कांग्रेस विधायकों के साथ बहस में भी कहा था कि अंसारी अपने मददगारों के साथ 25 कैदियों के लिए बने सेल में रहता था। उसकी पत्नी उसके साथ रहती थी।