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रियल एस्टेट घोटाला: ED ने अब IAS अनुराग वर्मा को किया तलब, जालंधर कार्यालय में होंगे पेश; कंवलप्रीत को भी दोबारा बुलाया

Published: Wed, 26 Aug 2026 05:30 AM (IST)

ईडी ने पंजाब के कथित रियल एस्टेट घोटाले और मनी लॉन्ड्रिंग की जांच में वरिष्ठ आईएएस अधिकारी अनुराग वर्मा को तलब किया है।

रियल एस्टेट घोटाला: ED ने IAS अनुराग वर्मा को किया तलब। फाइल फोटो

रियल एस्टेट घोटाला: ED ने IAS अनुराग वर्मा को किया तलब। फाइल फोटो

HighLights

  1. ईडी ने वरिष्ठ आईएएस अनुराग वर्मा को तलब किया।

  2. रियल एस्टेट घोटाले और मनी लॉन्ड्रिंग की जांच।

  3. आईएएस कंवलप्रीत बराड़ को भी पूछताछ के लिए बुलाया।

राज्य ब्यूरो, चंडीगढ़। पंजाब में कथित रियल एस्टेट घोटाले और मनी लांड्रिंग की जांच कर रही ईडी ने प्रदेश के वरिष्ठ आइएएस अधिकारी अनुराग वर्मा को तलब किया है। पूर्व मुख्य सचिव और वर्तमान में अतिरिक्त मुख्य सचिव (राजस्व) के पद पर तैनात अनुराग वर्मा को 31 अगस्त को जालंधर स्थित जोनल कार्यालय में पेश होने के लिए समन भेजा गया है।

वहीं, आइएएस अधिकारी कंवलप्रीत बराड़ को भी 27 अगस्त को पेश होने के लिए कहा गया है। सूत्रों के अनुसार, दोनों अधिकारियों को पंजाब में कथित रियल एस्टेट अनियमितताओं से जुड़े मामले की जांच के सिलसिले में बुलाया गया है। ईडी ने हाल ही में सनटेक सिटी, अल्टस स्पेस बिल्डर्स प्राइवेट लिमिटेड और धीर कंस्ट्रक्शंस समेत कई कंपनियों से जुड़े परिसरों पर छापेमारी की थी।

जांच एजेंसी अब इन परियोजनाओं में अधिकारियों की भूमिका और कथित नियम उल्लंघन की पड़ताल कर रही है। यह पहली बार है जब ईडी ने वरिष्ठ आइएएस अधिकारी अनुराग वर्मा को इस मामले में पूछताछ के लिए तलब किया है। वर्मा उस समय आवास एवं शहरी विकास विभाग के प्रमुख थे, जब कथित अनियमितताएं हुईं।

बराड़ से मांगे अतिरिक्त दस्तावेज

2007 बैच के आइएएस अधिकारी कंवलप्रीत बराड़ को ईडी पहले 18 अगस्त को जालंधर कार्यालय में पूछताछ के लिए बुला चुकी है। तब उनसे करीब नौ घंटे तक पूछताछ हुई थी। इस बार बराड़ को मामले से संबंधित अतिरिक्त दस्तावेज साथ लाने के निर्देश दिए गए हैं।

बराड़ वर्ष 2024 में टाउन एंड कंट्री प्लानिंग के निदेशक के पद पर तैनात थे और वर्तमान में स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के सचिव हैं। ईडी यह पता लगाने में जुटी है कि सीएलयू मंजूरी और लेआउट में बदलाव से जुड़े फैसलों में कहीं नियमों की अनदेखी तो नहीं हुई