राज्य ब्यूरो, चंडीगढ़। Punjab CM Convoy: पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के काफिले में 42 गाड़‍ियां शामिल होने के कांग्रेस नेता प्रताप सिंह बाजवा के बयान के बाद सियासत गर्मा गई है। इसके साथ नेताओं के साथ-साथ आम लोग भी इंटरनेट मीडिया (सोशल मीडिया) पर भी काफिले को लेकर चुटकियां ले रहे हैं। बाजवा द्वारा यह मुद्दा उठाए जाने के बाद इंटरनेट मीडिया पर तरह-तरह की टिप्पणियां की जा रही हैं। लोग सीएम भगवंत मान और आम आदमी पार्टी पर टिप्‍पणियां कर रहे हैं।  

इंटरनेट मीडिया पर लोग बोले- मान तो राष्ट्रपति हो गए हैं

कई लोगों ने इंटरनेट मीडिया पर लिखा कि अब प्रदेश में आम आदमी की सरकार है, इसलिए मुख्यमंत्री के काफिले में कारों की संख्या 42 हो गई है। बता दें कि बाजवा ने कहा था कि भगवंत मान ने सुरक्षा के मामले में पांच बार मुख्यमंत्री रहे प्रकाश सिंह बादल और पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर स‍िंह को भी पीछे छोड़ दिया है। वह मान आम आदमी की छवि को पीछे छोड़कर वीवीआइपी रंग में नजर आ रहे हैं।

एक व्‍य‍क्ति ने की टिप्‍पणी- आ गए आम आदमी

इंटरनेट मीडिया पर एक वायरल वीडियो में मान का काफिला निकल रहा है तो  सड़क के दोनों ओर से लोगों को दूर जाने को कहा जा रहा है। कुछ लोगों ने भगवंत मान के लंबे-चौड़े काफिले पर टिप्‍पणी  करते हुए कहा है कि मान तो अब राष्ट्रपति हो गए हैं। इंटरनेट मीडिया पर वायरल हो रहे मान के एक वीडियो में वीडियो बनाने वाला व्यक्ति व एक अन्य व्यक्ति चुटकी लेते हुए सुनाई दे रहे हैं। वे कह रहे हैं कि 'आ गए आम आदमी', तो दूसरे ने मान को राष्ट्रपति कहकर चुटकी ली।

बाजवा ने बादल , कैप्‍टन अमरिंदर सिंह, चन्‍नी व भगवंत मान के काफिले पर किया था ट्वीट

बाजवा ने दो दिन पहले आरटीआइ में मिली जानकारी का हवाला देते हुए कहा था कि वर्ष 2007 से 2017 तक पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल के काफिले में 33 कारें हुआ करती थीं। इसके बाद पूर्व कैप्टन अम¨रदर ¨सह के कार्यकाल में भी इसमें 33 ही कारें थीं। चरणजीत सिंह चन्नी के सीएम बनने पर यह काफिला 39 तक पहुंच गया था।

नेता प्रतिपक्ष प्रताप सिंह बाजवा ने इसे लेकर ट्वीट किया था। इसे री-ट्वीट कर सुखपाल सिंह खैहरा ने लिखा कि पहले भगवंत मान नेताओं को मजाक का विषय बना कर कहते थे कि जो लोग अतिरिक्त सुरक्षा चाहते हैं, वह मुर्गी खाना खोलने जैसा काम क्यों नहीं करते। अब उसी आम आदमी को 42 कारों की जरूरत पड़ रही है।

वीआइपी सुरक्षा घटााने को लेकर भगवंत मान सरकार आ गई थी निशाने पर

बता दें कि पंंजाब में करीब 2594 लोगों को वीआइपी को सुरक्षा प्राप्‍त है और इस मामले में पंजाब का देश में दूसरा स्‍थान है। पश्चिम बंगाल इस मामले में दूसरे नंबर पर है। वहां करीब 3142 लोगों को वीआइपी सुरक्षा दी गई है। बता दें कि पंजाब की भगवंत मान सरकार ने पिछले दिनों 424 लोगों की सुरक्षा घटाई थी। मशहूर पंजाबी गायक व कांग्रेस नेता सिद्धू मूसेवाला की सुरक्षा कम करने के दूसरे ही दिन उनकी हत्‍या हो गई थी। इसके बाद भगवंत मान सरकार निशाने पर आ गई थी। बाद में हाई कोर्ट के आदेश पर पंजाब सरकार ने सुरक्षा घटाने की समीक्षा की और कई लोगों की पुरानी सुरक्षा बहाल कर दी गई।

Edited By: Sunil Kumar Jha

जागरण फॉलो करें और रहे हर खबर से अपडेट