सुमेश ठाकुर, चंडीगढ़

बाल भवन सेक्टर-23 के ओपन एयर थिएटर और आडीटोरियम की हालत जल्द बदलने वाली है। सोशल वेलफेयर विभाग बाल भवन के दोनों स्थानों को पर्यटन विभाग को दे रहा है जिसके बाद इस स्थान पर सांस्कृतिक गतिविधियों में बढ़ोतरी होगी। इस समय सोशल वेलफेयर के ढीलेपन के चलते बाल भवन का ज्यादातर हिस्सा जंगल में तब्दील हो चुका है। उल्लेखनीय है कि 1978 में बाल भवन सेक्टर-23 में ओपन एयर थिएटर के साथ आडीटोरियम बना था। पर्यटन की दृष्टि से इस स्थान को बढ़ावा देने के लिए वर्ष 2000 के आसपास इसके एक हिस्से में इंटरनेशनल डाल म्यूजियम को स्थापित किया गया। पर्यटन विभाग अभी ओपन एयर थिएटर और आडीटोरियम को लेकर सांस्कृतिक कार्यक्रम के लिए देगा। सांस्कृतिक कार्यक्रम कराने के लिए दोनों थिएटर की बुकिग पर्यटन विभाग की वेबसाइट पर आनलाइन होगी। स्थानीय कलाकारों के साथ फिल्म शूटिग के लिए भी दिया जाएगा ओपन एयर थिएटर

पर्यटन विभाग द्वारा टेकओवर करने के बाद बाल भवन सेक्टर-23 के आडीटोरियम को स्थानीय कलाकारों को थिएटर मंचन के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रम के लिए इस्तेमाल करने के लिए दिया जाएगा, वहीं ओपन एयर थिएटर को स्थानीय कार्यक्रम के साथ फिल्म शूटिग के लिए भी अलाट किया जाएगा ताकि शहर में पर्यटन को बढ़ावा मिल सके। वीकेंड पर होंगे कार्यक्रम

विभागीय जानकारों की माने तो पर्यटन विभाग को ओपन एयर थिएटर और आडीटोरियम मिलने के बाद इस स्थान पर वीकेंड कार्यक्रम का आयोजन होगा जिसमें शहर के सभी थिएटर ग्रुप को मंचन के अलावा दूसरे राज्यों के कलाकारों को बुलाकर भी शहर का मनोरंजन कराया जाएगा। सारे कार्यक्रम टैगोर थिएटर और पंजाब कला भवन की तर्ज पर कराए जाएंगे ताकि ज्यादा से ज्यादा पर्यटक यहां पर आ सकें। बाल भवन सेक्टर-23 को बेहतर तरीके से प्रमोट करने के साथ कलाकारों को बेहतर मंच देने के उद्देश्य से ओपन एयर थिएटर और आडीटोरियम को टेकओवर किया जा रहा है। हमारा प्रयास शहर को संस्कृति का गढ़ बनाना है जिसके लिए पर्यटन विभाग काम कर रहा है।

- हरगुनजीत कौर, डायरेक्टर पर्यटन विभाग

Edited By: Jagran