जेएनएन, चंडीगढ़। अब चंडीगढ़ में भी साक्षी मलिक और फोगाट बहनों जैसी बेहतर रेसलर तैयार होंगी। सेक्टर 34 के स्पोट्र्स कॉम्पलेक्स में कोचिंग लेने वाली लड़कियों को महिला रेसलिंग कोच मिल गई है। कोच नीरू नैन खुद इंटरनेशनल रेसलर रही हैं। उन्होंने तुर्की के इस्तांबुल में आयोजित इंवीटेशन वर्ल्‍ड रेसलिंग चैंपियनशिप में देश के लिए सिल्वर मेडल जीता था।

इसके अलावा नीरू राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में 10 से ज्यादा मेडल जीत चुकी हैं। कोच नीरू नैन इससे पहले हिसार में साई के इंस्टीट्यूट में और मोहाली में बीएसएफ की महिला रेसलर्स को कोचिंग दे चुकी हैं।

खेल विभाग के संयुक्‍त निदेशक मोहिंदर सिंह ने बताया कि चंडीगढ़ के तमाम स्पोट्र्स कॉम्पलेक्स में इन दिनों समर कैंप चल रहे हैं। ऐसे में खेल विभाग को महिला रेसलर कोच की कमी काफी समय से खल रही थी।

यह भी पढ़ें: फिर गूंजी सिद्धू वाणी - काल उसका क्या करे जो भक्त हो महाकाल का....

सेक्टर 34 में इस समय चंडीगढ़ के 25 बेहतरीन पहलवान और 25 बेहतरीन जूडो खिलाडिय़ों को कोचिंग दी जा रही है। यह सभी खिलाड़ी स्टेट स्तर, नेशनल स्तर और ऑल इंडिया यूनिवर्सिटी स्तर के हैं। इन खिलाडिय़ों को मुफ्त डाइट और कोचिंग दी जा रही है। सेक्टर -34 के रेसलिंग कोच दर्शन सिंह ने बताया कि इससे पहले वह इन महिला पहलवानो को कोचिंग देते थे, लेकिन वह इन पर वैसी सख्ती नहीं कर पाते थे, जैसी वह पुरुष पहलवानों  के साथ गुर सीखने के दौरान करते हैं। उन्होंने कहा कि यकीनन महिला कोच मिलने से इन खिलाडिय़ों के खेल में सुधार होगा।

कोच मिलने से महिला पहलवान खासी उत्साहित

खेलो इंडिया में सिल्वर मेडल जीतने वाली राष्‍ट्रीय स्‍तर की पहलवान हिमांशी, प्रीति व गुंजन शर्मा और स्टेट स्तर की पहलवान अंजू, अनु, तानिया और सलोनी ने बताया कि कुश्‍ती में लड़के-लड़कियों में वैसे तो कोई फर्क नहीं होता है, लेकिन फिर भी महिला कोच होने से आपका आत्मविश्वास बढ़ता है। महिला कोच आपकी खेल कमियों को खुलकर बता सकती हैं।

यह भी पढ़ें: प्रेमिका ने काटा युवक का प्राइवेट पार्ट, डॉक्टरों ने 12 घंटे की सर्जरी कर जोड़ा

 

Posted By: Sunil Kumar Jha