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मोहाली में जमीन मुआवजे पर विवाद, गमाडा ने 5.61 करोड़ प्रति एकड़ तक अवाॅर्ड घोषित किया; किसानों की मांग 50 करोड़ की

Published: Fri, 23 Oct 2026 06:14 PM (IST)

गमाडा ने मोहाली के सेक्टर-87 में 196.44 एकड़ जमीन के लिए 4.26 करोड़ से 5.61 करोड़ रुपये प्रति एकड़ तक ...और पढ़ें

किसानों ने निर्धारित मुआवजे को बताया काफी कम। विरोध जताने पहुंचे।

किसानों ने निर्धारित मुआवजे को बताया काफी कम। विरोध जताने पहुंचे।

HighLights

  1. चार गांवों की 196.44 एकड़ जमीन का मुआवजा निर्धारित।

  2. प्रति एकड़ 4.26 करोड़ से 5.61 करोड़ रुपये तक मुआवजा।

  3. मानक माजरा, नानू माजरा, सोहाना और संभालकी की जमीन।

जागरण संवाददाता, मोहाली। सेक्टर-87 में प्रस्तावित व्यावसायिक बुनियादी ढांचा विकसित करने के लिए शुक्रवार को गमाडा ने 196.4438 एकड़ जमीन का अवाॅर्ड घोषित कर दिया है। इसके तहत चार गांवों के जमीन मालिकों को प्रति एकड़ करीब 4.26 करोड़ से 5.61 करोड़ रुपये तक कुल मुआवजा निर्धारित किया गया है।

वहीं, भाजपा नेता हरदेव सिंह उभ्भा और किसानों ने गमाडा कार्यालय के बाहर किसानों को 50 करोड़ रुपये प्रति एकड़ के हिसाब से मुआवजा देने की मांग उठाई है और सुनाए गए अवाॅर्ड को लेकर विरोध किया।

उनका कहना है कि सेक्टर-87 के आसपास जमीन का बाजार मूल्य करीब 30 करोड़ रुपये प्रति एकड़ बताया जा रहा है। ऐसे में निर्धारित मुआवजा जमीन मालिकों की अपेक्षाओं से काफी कम है।

सेक्टर-87 की जमीन का अवाॅर्ड पहले 25 सितंबर को घोषित किया जाना था, लेकिन अंतिम समय में कार्यक्रम स्थगित हो गया था। शुक्रवार को सेक्टर-62 स्थित पुड्डा भवन में अवाॅर्ड घोषित किया गया। अधिग्रहण में मानक माजरा, नानू माजरा, सोहाना और संभालकी गांवों की जमीन शामिल है।

सोहाना में सबसे अधिक मुआवजा

अवाॅर्ड के अनुसार, मानक माजरा की 19.6625 एकड़, नानू माजरा की 111.4625 एकड़, सोहाना की 65.1188 एकड़ और संभालकी की 0.2000 एकड़ जमीन अधिग्रहित की गई है। गांवों के हिसाब से मुआवजे की दरें अलग-अलग निर्धारित की गई हैं।

मानक माजरा में प्रति एकड़ करीब 5.03 करोड़ रुपये, नानू माजरा में 4.55 करोड़ रुपये, सोहाना में 5.61 करोड़ रुपये और संभालकी में 4.26 करोड़ रुपये कुल मुआवजा तय किया गया है।

इसमें निर्धारित बाजार मूल्य के साथ 100 प्रतिशत सोलैटियम और अधिसूचना के बाद की अवधि के लिए 12 प्रतिशत वार्षिक अतिरिक्त राशि शामिल है। इस हिसाब से सोहाना के जमीन मालिकों को सबसे अधिक मुआवजा मिलेगा।

बाजार मूल्य के अनुसार भुगतान की मांग

किसानों ने कहा कि आसपास की जमीन का बाजार मूल्य करीब 30 करोड़ रुपये प्रति एकड़ है, जबकि अवार्ड में अधिकतम राशि 5.61 करोड़ रुपये निर्धारित की गई है।

उन्होंने सरकार से किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए मुआवजे की दर पर पुनर्विचार करने की मांग की। उनका कहना है कि जमीन किसानों की आजीविका और परिवारों की विरासत से जुड़ी होती है, इसलिए विकास परियोजनाओं के लिए अधिग्रहण करते समय उनके हितों की अनदेखी नहीं होनी चाहिए।

पात्र परिवारों को पुनर्वास लाभ भी

अवाॅर्ड दस्तावेज के अनुसार, जमीन के मुआवजे के अलावा पात्र प्रभावित परिवारों को पुनर्वास एवं पुनर्स्थापन के लाभ भी मिल सकते हैं। दस्तावेज में पात्रता के अनुसार पांच लाख रुपये की एकमुश्त राशि और 50 हजार रुपये पुनर्स्थापन भत्ते का प्रविधान भी बताया गया है। हालांकि, ये लाभ सभी जमीन मालिकों को स्वतः नहीं मिलेंगे। इन पर संबंधित कानून, नीति और पात्रता की शर्तें लागू होंगी।