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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 14, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Chandigarh: एयरपोर्ट शटल बस सर्विस में नई सुविधा शुरू, यात्रियों को अब नहीं होगी सामान की चिंता

By Ankesh ThakurEdited By:
Published: Sat, 14 May 2022 12:30 PM (IST)

कुछ माह पहले हई सीटीयू की तरफ से एयरपोर्ट के लिए शटर बस सर्विस शुरू की गई है। इस शटल ...और पढ़ें

इस बस सर्विस का किराया भी बहुत कम है। फाइल फोटो
इस बस सर्विस का किराया भी बहुत कम है। फाइल फोटो

जागरण संवाददाता, चंडीगढ़। चंडीगढ़ ट्रांसपोर्ट अंडरटेकिंग (सीटीयू) ने कुछ दिन पहले ही आइएसबीटी से चंडीगढ़ इंटरनेशनल एयरपोर्ट के लिए शटल बस सर्विस की शुरुआत की थी। इस शटल बस सर्विस का अच्छा रूझान देखने को मिल रहा है। रोजाना करीब 400 यात्री शटल बस सर्विस का इस्तेमाल कर रहे हैं। यह सर्विस शुरू होने से अब तक करीब 22 हजार पैसेंजर इसमें यात्रा कर चुके हैं।

एयरपोर्ट पर फ्लाइट से आने वाले यात्रियों की सुविधा को देखते हुए सीटीयू ने अब इन बसों में सामान रखने के लिए लगेज स्पेस भी उपलब्ध कराना शुरू किया है। एयरपोर्ट आने और जाने वाले यात्रियों के पास अकसर ज्यादा सामान भी होता है। इस सामान को लेकर यात्रियों को खासी परेशानी होती है। अब इसको देखते हुए यूटी प्रशासन ने सीटीयू की शटल बस में लगेज स्पेस के लिए जगह सुनिश्चित की है।

इन बसों में लगेज के लिए अलग से जगह बनाई गई है। यहां यात्री अपना सामान सुरक्षित रख सकते हैं। इसके बाद उन्हें अपने सामान की भी कोई चिंता नहीं रहेगी। अब यात्रियों का सफर और भी सुहावना होने लगा है। एयरपोर्ट से आने जाने वाले यात्रियों के फीडबैक के लिए बस में क्यूआर कोड बेस सिस्टम शुरू किया गया है। कोई भी यात्री अपने फोन में इस क्यूआर कोड को स्कैन कर अपना जरूरी फीडबैक ट्रांसपोर्ट डिपार्टमेंट को दे सकता है। अगर उन्हें यात्रा के दौरान किसी तरह की परेशानी का सामना करना पड़ा या किसी तरह का कोई जरूरी सुझाव है तो उसे भी दे सकते हैं। इसके बाद सीटीयू की बैकएंड टीम इसे देखते हुए जरूरी बदलाव करेगी।

पहले कहा जा रहा था कि एयरपोर्ट पर जाने वाले यात्री बस का इस्तेमाल नहीं करेंगे। लेकिन अब ऐसा लग रहा है कि यात्री इस सर्विस को एंजाय कर रहे हैं। इसका कारण यह भी है कि एयरपोर्ट से टैक्सी वाले 300 से 500 रुपये वसूल करते हैं। जबकि बस में इससे एक तिहाई खर्च में ही आइएसबीटी तक पहुंचा जा सकता है।