'2009 से पहले नियुक्ति वालों को एचटेट में राहत मिले', चंडीगढ़ में डेपुटेडिट टीचर्स की हरियाणा CM से मांग
चंडीगढ़ में डेपुटेशन पर कार्यरत हरियाणा के शिक्षकों ने मुख्यमंत्री से मुलाकात कर 2009 से पहले नियुक्त शिक्षकों को एचटेट ...और पढ़ें

चंडीगढ़ में डेपुटेशन पर कार्यरत शिक्षकों ने एचटेट की अनिवार्यता से राहत मांगी। (सांकेतिक फोटो)
HighLights
डेपुटेशन शिक्षकों ने हरियाणा के मुख्यमंत्री से मुलाकात की।
2009 से पहले नियुक्त शिक्षकों को एचटेट से राहत मांगी।
मुख्यमंत्री से केंद्र के समक्ष मामला उठाने का आग्रह किया।
जागरण संवाददाता, चंडीगढ़। चंडीगढ़ में डेपुटेशन पर कार्यरत हरियाणा के शिक्षकों ने 2009 से पहले नियुक्त शिक्षकों को हरियाणा शिक्षक पात्रता परीक्षा (एचटेट) की अनिवार्यता से राहत दिलाने की मांग मुख्यमंत्री हरियाणा से मुलाकात कर उठाई।
हरियाणा डेपुटेशन एम्पलाई वेलफेयर एसोसिएशन (एचडीईडब्ल्यूए) के महासचिव राजबीर नैन के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने शिक्षकों से जुड़े इस मुद्दे को मुख्यमंत्री के समक्ष रखा।
एसोसिएशन ने कहा कि 2009 से पहले नियुक्त शिक्षकों के लिए एचटेट की अनिवार्यता का मामला हरियाणा शिक्षा विभाग के बड़ी संख्या में शिक्षकों से जुड़ा है। प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि सुप्रीम कोर्ट के निर्णय का सम्मान करते हुए प्रभावित शिक्षकों के हित में उपलब्ध संवैधानिक और कानूनी विकल्पों पर विचार किया जाए।
कर्मचारी यूनियन ने सरकार से केंद्र को औपचारिक मांग-पत्र भेजने और केंद्र के समक्ष प्रभावी पैरवी करने की मांग की, ताकि 2009 से पहले नियुक्त शिक्षकों के लिए उचित राहत अथवा विशेष व्यवस्था पर विचार हो सके।
मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधिमंडल को बताया कि एचटेट या टेट की अनिवार्यता का मामला सुप्रीम कोर्ट के निर्णय और उसके अनुपालन में जारी निर्देशों से जुड़ा है। इस दौरान शिक्षक मलविंदर सिंह, अनिल राणा सहित अन्य शिक्षक मौजूद रहे।
