चंडीगढ़, [बलवान करिवाल]। बारिश ने शहर की आबोहवा को बदल कर रख दिया है। प्रदूषण के कण हटने के बाद बारिश से शहर की हवा अब क्रिस्टल क्लीयर हो गई है। हवा में जैसे प्रदूषण की मात्रा बची ही नहीं है। अब इस खुली हवा में जी भरके सांस लिया जा सकता है। बारिश के बाद रविवार सुबह से ही एयर क्वालिटी इंडेक्स बेहतर हो रहा है।

सोमवार को सुबह तो कम होकर यह 32 माइक्रोग्राम प्रति क्यूबिक मीटर तक पहुंच गया। एक्यूआइ को 50 से नीचे बेहद अच्छा माना जाता है। यह हवा सांस लेने के लिए एकदम स्वच्छ होती है। वर्षों बाद ऐसा हुआ है जब अक्टूबर में दूसरी बार एक्यूआई 50 से नीचे आया है। इससे पहले दशहरे के बाद हुई बारिश से भी यह कम होकर 38 तक आ गया था।

दूसरे शहरों की हवा भी साफ

सिर्फ चंडीगढ़ ही नहीं यह बारिश आस-पडा़ेस के राज्यों में भी हुई, जिसका असर प्रदूषण पर पड़ा है। आस-पास के शहरों में भी प्रदूषण का स्तर बेहद कम हुआ है। सोमवार को पंचकूला का एक्यूआइ 49 दर्ज किया गया। इसी तरह से हरियाणा के जिन शहरों में बारिश से पहले एक्यूआइ 250 के पार पहुंच गया था अब वहां भी यह 100 से नीचे आ गया है। सोमवार सुबह अंबाला का एक्यूआई 43, कुरुक्षेत्र का 59 दर्ज किया गया। इसी तरह से पंजाब के शहरों का हाल भी कुछ ऐसा ही है। लुधियाना का एक्यूआइ 64 और जालंधर का 48 दर्ज किया गया।

देश की राजधानी को भी राहत की सांस

प्रदूषण की चादर से लिपटी देश की राजधानी नई दिल्ली भी अब इसके चंगुल से बाहर आ गई है। सोमवार को नई दिल्ली का एक्यूआइ 89 तक आ गया, रविवार से पहले तक यह 200 से भी पार पहुंचने लगा था। फरीदाबाद और गुरुग्राम जैसे सबसे प्रदूषित शहर भी अब ग्रीन जोन में आ गए हैं। फरीदाबाद का एक्यूआइ 74 दर्ज किया गया।

प्रमुख शहरों का सोमवार सुबह एक्यूआइ लेवल

चंडीगढ़        32

पंचकूला        49

अंबाला        43

कुरुक्षेत्र         59

लुधियाना        64

जालंधर        48

अमृतसर        36

नई दिल्ली    89

फरीदाबाद    74

नोएडा        81

गुरुग्राम        116

एयर क्वालिटी इंडेक्स लेवल

एयर क्वालिटी इंडेक्स (एक्यूआइ) को 0-50 के बीच ‘बेहतर’, 51-100 के बीच ‘संतोषजनक’, 101 से 200 के बीच ‘खराब’, 201 से 300 के बीच ‘बेहद खराब’, 301 से 400 के बीच ‘बहुत ज्यादा खराब’ और 401 से 500 के बीच ‘गंभीर’ माना जाता है।

Edited By: Ankesh Thakur