जागरण संवाददाता, चंडीगढ़। चंडीगढ़ ऐसा शहर है जहां हर साल मेयर पद के लिए चुनाव होता है और शहर को हर साल नया मेयर मिलता है। पांच साल के कार्यकाल में हर साल मेयर का चुनाव होता है। मेयर का चुनाव भी हर साल जनवरी में पार्षदों द्वारा मतदान करके चुना जाता है। पांच साल के कार्यकाल में भी दो बार मेयर की कुर्सी महिला, एक बार आरक्षित वर्ग और दाे बार जनरल कैटेगरी के लिए रिजर्व है। जबकि ऐसा देशभर के नगर निगम में बहुत कम है।

पंजाब, हरियाणा, उतरप्रदेश, हिमाचल प्रदेश में कहीं पर भी एक साल का मेयर का कार्यकाल नहीं है। इसलिए समय समय पर राजनीतिक दल मेयर के कार्यकाल को बढ़ाने की मांग करते आए हैं। चंडीगढ़ भाजपा ने हाईकमान से यह भी मांग की है कि मेयर का कार्यकाल बढ़ाया जाए या फिर मेयर का चुनाव भी पंचकूला की तर्ज पर जनता द्वारा प्रत्यक्ष तौर पर चुनने की प्रक्रिया को लागू किया जाए।

साल 1996 से लेकर अब तक चंडीगढ़ को 26 मेयर मिल चुके हैं। साल 2022 में शहर को 27वां मेयर मिलेगा। वर्तमान मेयर रविकांत शर्मा 26 वें मेयर हैं। मेयर की तरह सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर का चुनाव भी हर साल होता है लेकिन इनके लिए किसी भी तरह का आरक्षण नहीं है। दिसंबर में होने वाले नगर निगम चुनाव के लिए इस समय हर राजनीतिक दल ज्यादा से ज्यादा सीटें जीतने का प्रयास कर रहे हैं, लेकिन असली लड़ाई चुनाव के बाद नगर निगम के मेयर पद पर कब्जा करने की है। चुनाव जीतने वाले हर पार्षद की इच्छा रहती है कि वह नगर निगम का मेयर बने। पिछले छह साल से लगातार भाजपा के छह मेयर बनते आए हैं। नगर निगम के अब तक इतिहास में सबसे ज्यादा कांग्रेस के मेयर ही बने हैं। 27 दिसंबर को जब नगर निगम चुनाव का परिणाम आएगा तो उसके बाद राजनीतिक दल मेयर पद का उम्मीदवार तय करेंगे। इसके बाद मेयर को चुना जाएगा।

मतदाता पूछता है कार्यक्रम आज

नगर निगम के चुनाव के मद्देनजर चंडीगढ़ रेजिडेंट एसोसिएशन वेलफेयर फेडरेशन (क्राफ्ड) चेयरमैन हितेश पुरी की अध्यक्षता में रविवार को सुबह 11 बजे चंडीगढ़ क्लब में 'मतदाता पूछता है' कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। इस कार्यक्रम में सभी राजनीतिक पार्टियों (कांग्रेस/भाजपा/आप/शिअद-बसपा) के अध्यक्ष शहर की सभी रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशंस के प्रतिनिधियों से रूबरू होंगे। कार्यक्रम में उपस्थित सभी संस्थाओं की कार्यकारिणी के सदस्य सभी राजनीतिक पार्टियों से अपने शहर से जुड़े सवाल करेंगे। सभी राजनीतिक पार्टियों के अध्यक्ष अपनी पार्टी का दृष्टिकोण जनता से साझा करेंगे।

Edited By: Ankesh Thakur