चंडीगढ़, जेएनएन। चंडीगढ़ में पाबंदियों में राहत देते हुए दुकानें रात आठ बजे तक खोलने की प्रशासन ने इजाजत दे दी है। इस फैसले से शहर के व्यापारी संगठन खुश हैं। व्यापारियों का कहना है कि अब कारोबार बढ़ेगा लेकिन प्रशासन को अब व्यापारियों को राहत देने के लिए आर्थिक पैकेज देना चाहिए, तभी कारोबार में कुछ रफ्तार बढ़ेगी।

व्यापारी संगठनों ने प्रशासन से गुजरात सरकार की तर्ज पर राहत पैकेज देने की भी मांग की है। व्यापारियों का कहना है कि प्रॉपर्टी टैक्स, बिजली- पानी बिल माफ करने के साथ साथ जीएसटी में राहत दी जाए। पिछले एक साल से बाजार बंद रहा है, ऐसे में जो नुकसान हुआ है वह आने वाले पांच साल तक भी पूरा नहीं होगा। प्रशासन की ओर से सुखना लेक पर बोटिंग भी खाेल दी है, जिससे अब पर्यटन भी बढ़ेगा।

व्यापार मंडल के अध्यक्ष चरणजीव सिंह का कहना है कि अब प्रशासन को व्यापारियों को राहत देते हुए आर्थिक पैकेज देना चाहिए। मुख्य प्रवक्ता दिवाकर सहूजा ने आने वाले नए सलाहकार धर्मपाल का भी स्वागत किया है। उनका कहना है कि कोरोना को खत्म करने का सलाहकार को व्यापारियों का पूरा सहयोग मिलेगा। अब प्रशासन को बिल्डिंग बायलाज में संशोधन करके राहत देनी चाहिए और जाे वायलेशन के नोटिस भेजे जा रहे हैं उसे खत्म किया जाए।

उधर, उद्योग व्यापार मंडल के संयोजक कैलाश चंद जैन ने दुकानों की समय सीमा रात आठ बजे तक की जाने पर प्रशासक वीपी सिंह बदनोर का धन्यावाद किया है। कैलाश जैन ने  कहा कि प्रशासन के फैसले के अनुसार अब सभी दुकानें सुबह 10 बजे से रात 8 बजे तक खुलेंगी। सभी रेस्टोरेंट और बार 50 फीसद क्षमता के साथ सुबह 10 बजे से रात 10.30 तक खुले रह सकेंगे। शादी, अंतिम संस्कार और अन्य कार्यक्रम में अब 30 से ज्यादा 50 लोग शामिल हो सकेंगे। प्रशासन के इस फैसले से दुकानदारों को काफी राहत मिली है।

सेक्टर-17 की ट्रेडस एसोसिएशन के अध्यक्ष कमलजीत सिंह पंछी अध्यक्ष और महासचिव एलसी अरोड़ा का कहना है कि आशा करते हैं कि माननीय प्रशासक हमारे अनुरोध को बहुत जल्द स्वीकार करेंगे और बिजली और पानी के बिल, दुकानदारों के लिए संपत्ति कर को 31 मार्च 2022 तक उसी तरह जैसे गुजरात सरकार ने मौजूदा स्थिति को देखते हुए व्यापारिक समुदाय को बहुत राहत दी है।

Edited By: Ankesh Thakur