यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 07, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
पंजाब सरकार की बड़ी कार्रवाई, एक दिन में निपटाए गए 31,538 इंतकाल मामले; हेल्पलाइन नंबर पर दर्ज होगी शिकायत
राज्य की तहसीलों और सब तहसीलों में जनहित को ध्यान में रखते हुए इंतकाल के लंबित मामलों को निपटाने के ...और पढ़ें

HighLights
- एक दिन में लंबित पड़े इंतकालों के 31,538 मामले निपटाए : जिंपा
- राजस्व मंत्री ने कहा- समस्याओं के समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों को दिशा-निर्देश भी जारी किए
- लोगों की परेशानियां कम करने के लिए प्रतिबद्ध सरकार
राज्य ब्यूरो चंडीगढ़। Punjab News: राज्य की तहसीलों और सब तहसीलों में जनहित को ध्यान में रखते हुए इंतकाल के लंबित मामलों को निपटाने के लिए विशेष कैंप लगाए गए। राजस्व मंत्री ब्रम शंकर जिंपा ने बताया कि इन कैंपों के दौरान 31,538 मामले निपटाए गए हैं।
एक दिन में रिकॉर्ड किए गए इंतकाल के 31,538 मामले
एक दिन में इतने इंतकाल दर्ज करने का यह नया रिकॉर्ड है। जिंपा ने खुद होशियारपुर, फगवाड़ा, फिल्लौर, लुधियाना पूर्वी, लुधियाना पश्चिमी और शहीद भगत सिंह नगर तहसीलों का दौरा करके कामकाज का जायजा लिया। इस मौके पर लोगों के साथ बातचीत करके आ रही समस्याओं के समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों को दिशा-निर्देश भी जारी किए।
'लोगों की परेशानियां कम करने के लिए प्रतिबद्ध सरकार'
राजस्व मंत्री ने बताया कि जिन लोगों के इंतकाल के मामले लंबित पड़े थे उन्होंने संबंधित तहसील सब तहसील में पहुंच कर इंतकाल से संबंधित समस्या का मौके पर समाधान करवाया। मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व वाली सरकार लोगों की परेशानियां घटाने के लिए प्रतिबद्ध है।
हेल्पलाइन नंबर पर भी हो सकती है शिकायत
मंत्री ने कहा कि राजस्व विभाग में यदि किसी भी स्तर पर लोगों को अपने कार्य करवाने में कोई दिक्कत आती है तो मुख्यमंत्री ने इस संबंधी हेल्पलाइन नंबर 81849-00002 जारी किया हुआ है। इस पर लिखित शिकायत वाट्सएप की जा सकती है। एनआरआइ अपनी लिखित शिकायतें 94641-00168 नंबर पर भेज सकते हैं।
तहसील दफ्तरों का औचक दौरा करेंगे मंत्री
उल्लेखनीय है कि राजस्व मंत्री आने वाले दिनों में तहसील दफ्तरों का औचक दौरा कर कामकाज की समीक्षा करेंगे, ताकि लोगों को प्रशासनिक कार्य करवाने में कोई दिक्कत न आए। कुछ दिन पहले मुख्यमंत्री ने भी होशियारपुर तहसील का दौरा करके लोगों को पारदर्शी और परेशानी रहित सेवाएं देने की प्रतिबद्धता दोहराई थी।
इस जिले में इतने इंतकाल दर्ज हुए
रिपोर्ट के अनुसार सबसे ज्यादा 6,265 इंतकाल लुधियाना जिले में दर्ज किए गए। इसके बाद होशियारपुर जिला दूसरे स्थान पर रहा, जहां 2,686 इंतकाल दर्ज हुए। इसी तरह पटियाला में 1,818, गुरदासपुर में 2,806, कपूरथला में 883, फ़तेहगढ़ साहिब में 667, तरनतारन में 693, बठिंडा में 543, फरीदकोट में 525, फिरोजपुर में 971, मोगा में 838, होशियारपुर में 2,686, जालंधर में 1,718 और मानसा में 646 इंतकालों का निपटारा किया गया।
अमृतसर में इतने दर्ज हुए इंतकाल के मामले
अमृतसर जिले में 1,324, शहीद भगत सिंह नगर जिले में 537, श्री मुक्तसर साहिब में 768, साहिबजादा अजीत सिंह नगर में 1,943, पठानकोट में 814, बरनाला में 567, रूपनगर में 1,326, मालेरकोटला में 713, संगरूर में 1093 और फाजिल्का में 894 इंतकाल दर्ज किए गए हैं।
