जागरण संवाददाता, अमृतसर : लोकसभा सीट से कांग्रेस प्रत्याशी गुरजीत सिंह औजला को जान-माल का नुकसान पहुंचाने की धमकियां देकर 35 लाख रुपये की फिरौती मांगने के आरोप में पुलिस ने दो युवकों को गिरफ्तार किया है। वे पिछले तीन दिन से प्रत्याशी के पीए मंजीत सिंह को ही औजला समझकर बात कर रहे थे। शिकायत डीजीपी दिनकर गुप्ता और पुलिस कमिश्नर सुधांशु शेखर श्रीवास्तव के पास पहुंची तो पुलिस ने जाल बिछाया। दोनों को दस लाख रुपये देने का लालच देकर बुलाया और गिरफ्तार कर लिया। आरोपितों की पहचान मजीठा रोड के नेहरू कालोनी निवासी विजय कुमार उर्फ बोकी और गली बाबा पकोड़ेयां वाली निवासी दीपक के रूप में हुई है। उनके कब्जे से देसी पिस्तौल, मोबाइल, पुलिस द्वारा दी गई फिरौती के दस लाख रुपये और एक एक्टिवा बरामद की गई है।

डीसीपी (इनवेस्टिगेशन) और एसीपी (क्राइम) पलविदर सिंह ने बताया कि आरोपितों ने पूछताछ में स्वीकार किया कि उन्होंने कुछ दिन पहले एक मोबाइल चोरी किया था। उसी से वे कांग्रेस प्रत्याशी को धमकी दे रहे थे। उनके गिरोह में पहले गौरव नाम का व्यक्ति था, जिसे राजस्थान पुलिस किसी मामले में यहां से गिरफ्तार कर ले गई थी। गौरव अकसर विजय और दीपक को बताया करता था कि बड़े लोगों को डरा-धमकाकर फिरौती वसूली जा सकती है। फिर उन्हें कुख्यात गैंगस्टर शुभम के बारे में कुछ जानकारी थी। दोनों ने चोरी के फोन से खुद को गैंगस्टर बताकर नेताओं और कारोबारियों को फोन करने शुरू कर दिए। सोमवार को आरोपितों ने कांग्रेसी प्रत्याशी के मोबाइल पर फोन कर खुद को गैंगस्टर शुभम बताया। जानी नुकसान करने की धमकी देकर 35 लाख रुपये फिरौती मांगी। कांग्रेसी प्रत्याशी गुरजीत औजला का मोबाइल ज्यादातर उनके पीए मंजीत सिंह ही अपने पास रखते हैं। पहले तो मंजीत ने मामले पर ज्यादा तवज्जो नहीं दी, लेकिन बार-बार फोन आने पर पुलिस को शिकायत की गई।

ऐसे पकड़े दोनों.. दस लाख रुपये देने के बहाने मेडिकल कॉलेज में बुलाया

शिकायत मिलने पर सीआइए स्टाफ की पुलिस ने दोनों आरोपितों से फिरौती देने की बात करनी शुरू कर दी। सारा मामला दस लाख रुपये में तय हो गया। भेस बदल कर पुलिस के मुलाजिमों ने उक्त आरोपितों को मेडिकल कॉलेज में मिलने का समय लिया। इस दौरान पुलिस ने दस लाख रुपये एक बैग में डालकर आरोपितों के लिए रख लिए। दोनों आरोपित दस लाख रुपये लेने के लिए एक्टिवा पर सवार होकर मेडिकल कॉलेज में पहुंच गए। पैसे पकड़ते ही पुलिस ने दोनों को चारों तरफ से घेर लिया। तलाशी के दौरान आरोपितों के कब्जे से देसी पिस्तौल भी बरामद की गई।

शहर के कुछ कारोबारियों को भी धमका चुके हैं आरोपित

डीसीपी मुखविदर सिंह ने बताया कि आरोपितों के कब्जे से मिले मोबाइल की कॉल डिटेल्स खंगाली जा रही है। आरोपितों ने पूछताछ में बताया कि वह शहर के कुछ कारोबारियों को भी फोन कर धमका चुके हैं। पुलिस पता लगा रही है कि आरोपित पिछले दिनों किन लोगों को धमकाकर फिरौती की मांग कर चुके हैं।

Posted By: Jagran