जागरण संवाददाता, अमृतसर

इंडो-पाक ट्रेड में लगे आयातकों और निर्यातकों ने आइसीपी चैंबर्स आफ कामर्स की बिजनेस कानक्लेव में राज्यसभा सदस्य श्वेत मलिक और

लैंडपोर्ट अथॉरिटी आफ इंडिया (एलपीएआइ) के फाइनेंस सदस्य सीवी प्रसाद को अपनी मुश्किलें सुनाई। सबसे बड़ी उनकी मुश्किल आइसीपी पर लेबर की स्ट्राइक के चलते उनके पड़ने वाली डेमरेज है, जो बिना कसूर उन्हें देनी पड़ती है। चैंबर्स आफ कामर्स के अध्यक्ष मोहित खन्ना ने सांसद श्वेत मलिक की अध्यक्षता में आयोजित आइसीपी चैंबर्स आफ कामर्स बिजनेस कानक्लेव में हुई बैठक के बाद अपनी मांगों से संबंधित सीवी प्रसाद को एक मेमोरंडम भी सौंपा।

मोहित खन्ना ने कहा कि आइसीपी से माल ट्रक में लोड करने के लिए ट्रक के चार्जेज तो देने ही होते हैं, वहीं पाक से आने वाले ट्रकों के लिए भी उनसे चार्जेज लिए जाते हैं। इसके अलावा आइसीपी अटारी में बारिश के दिनों में खुले में रखा सामान खराब होने से भी कारोबारियों को काफी नुकसान होता है। इस लिए वहां नए शेड बनाए जाने की जरुरत है। एलपीएआइ के सीवी प्रसाद ने उन्हें बताया कि हाल ही में जारी स्टैंडर्ड आपरेशन प्रोसीजर (एसओपी) से कारोबारियों को काफी राहत मिलेगी।

प्रसाद ने कारोबारियों को बताया कि चार्जेज के रेशनलाइजेशन को लेकर जल्द ही बैठक में इस मुद्दे पर चर्चा होगी। इसमें ही आइसीपी पर पार्किंग चार्जेज के अलावा मकेनिकल हैंड¨लग के लिए चार्जेज लिए जाने संबंधी फैसला लिया जाएगा। वहीं आइसीपी पर ट्रेडर्स को पड़ने वाले डैमरेज संबंधी उन्होंने कहा कि जल्द ही यह शक्तियां इंडियन कस्टम के डायरेक्टर जनरल को दे दी जाएंगी, क्योंकि आइसीपी पर होने वाली हड़ताल आदि की सबसे पहले जानकारी कस्टम के पास ही पहुंचती है। इस मौके पर लैंडपोर्ट अथॉरिटी आफ इंडिया (एलपीएआई) के मेंबर फाइनेंस सीवी प्रसाद, कस्टम कमिश्नर दीपक कुमार गुप्ता, आइसीपी चैंबर्स आफ कामर्स के अध्यक्ष मोहित खन्ना, डीआरएम विवेक कुमार, कस्टम के डिप्टी कमिश्नर बसंत कुमार और डिप्टी कमिश्नर बल¨वदर ¨सह के अलावा कमल डालमिया, लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी के चांसलर अशोक मित्तल, पंजाब व्यापार मंडल के प्रधान प्यारे लाल, बीके बजाज, विक्रांत अरोड़ा आदि भी उपस्थित थे।

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इंडो-पाक ट्रेडर्स के लिए तीन मंत्रालयों के बीच ब्रिज बने मलिक

आइसीपी चैंबर्स आफ कामर्स के प्रधान मोहित खन्ना ने कहा कि आइसीपी के साथ केंद्र के तीन मंत्रालय वित्त मंत्रालय, गृह मंत्रालय और लेंट्रल वेयर हाउस कारपोरेशन (सीडब्ल्यूसी) मंत्रालय जुड़े हुए हैं। राज्यसभा सदस्य श्वेत मलिक उनके और उक्त तीनों मंत्रालयों के बीच ब्रिज बने, जिसने आइसीपी के इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने में अहम भूमिका निभाई, वहीं उनकी हर मुश्किल में उन्हें साथ लेकर दिल्ली दरबार तक लेकर गए और उनकी मुश्किलें हल भी हुई। जहां का एयरपोर्ट विकसित, वहां ट्रेड बढ़ा

चैंबर्स आफ कामर्स के कार्यक्रम बिजनेस कानक्लेव में मुख्य मेहमान के तौर पर पहुंचे बीजेपी प्रदेश प्रधान व राज्यसभा सदस्य श्वेत मलिक ने कहा कि जहां-जहां का एयरपोर्ट विकसित हुआ है, वहां ट्रेड बढ़ा है और ट्रेडर्स को इसका फायदा मिला है। पिछले दो सालों के दौरान उन्होंने जहां श्री गुरु रामदास जी अंतरराष्ट्रीय के विकास पर 500 करोड़ रुपये खर्च किए। वहीं आईसीपी अटारी पर जहां 40 करोड़ रुपये की लागत से होल बॉडी ट्रक स्कैनर लगाया जा रहा है, वहीं सीसीटीवी कैमरे लगवाए गए। उन्होंने बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि वे हमेशा ट्रेडर्स के साथ हैं और उनकी हल मुश्किल का हल के लिए अपना 100 फीसदी लगाएंगे।

Posted By: Jagran