अखिलेश ¨सह यादव, अमृतसर

बिना बेंच व बिना खिलौने सरकारी ऐलीमेंट्री स्कूलों में चाचा नेहरू की जयंती के उपलक्ष्य में प्री-प्राइमरी कक्षाएं शुरू हो गयी। नन्ने मुन्ने विद्यार्थियों को लुभाने के लिए अध्यापकों ने अपने तौर पर बच्चों को टॉफी, गुब्बारे, खिलौने उपलब्ध करवाएं, जिससे इन प्राइमरी स्कूलों में बचपन खिल उठा। बच्चों के दाखिले के दौरान अभिभावकों ने भी गर्मजोशी दिखाई। कई स्कूलों में अध्यापकों से प्री-प्राइमरी कक्षा शुरू करने का उद्घाटन करवा कर उन्हें सम्मान प्रदान किया गया।

प्री-प्राइमरी कक्षाओं का स्कूलों में शुरू करने का विरोध कर रही आंगनवाड़ी वर्कर व हेल्परों का भी अध्यापकों को साथ मिल गया। आंगनवाड़ी वर्कर व हेल्पर स्कूलों में पहुंचना शुरू हो गयी। इस बात की पुष्टि डिप्टी डीईओ भु¨पदर कौर ने की।

उल्लेखनीय है कि जिले में प्री-प्राइमरी कक्षा शुरू होने के पहले दिन लगभग 12 हजार से अधिक बच्चे सरकारी ऐलीमेंट्री स्कूलों में पहुंच गए है। जिले में ¨भडी सैदा प्राइमरी स्कूल में सर्वाधिक 122 बच्चे दाखिल किए जाने की सूचना है। इनमें से 19 बच्चों के आधार कार्ड न बने होने के कारण उन्हें फिलहाल पें¨डग रखा गया है। सरकारी प्राइमरी स्कूल फैजपुरा में विद्यार्थियों को बेंचों पर बिठाया गया था। हालांकि यह बेंच मेन स्ट्रीम की कक्षाओं से लाकर रखे गए थे।

पंजाब सरकार के आदेशों के अंतर्गत राज्य भर के प्राइमरी स्कूलों में 14 नवंबर से प्री-प्राइमरी क्लासें शुरू करने का फैसला लिया था। सरकार के आदेशों को अमलीजामा पहनाते हुए शिक्षा विभाग उक्त क्लासों के बच्चों को आकर्षक ढंग से पढ़ाई करवाने के लिए सरकारी क्लास रूमों को सजा दिया था। बच्चों की रजिस्ट्रेशन के लिए एक विशेष काऊंटर लगाकर रजिस्टर में 3 से 6 साल के बच्चों का दाखिला कर उनका नाम दाखिला खारिज रजिस्टर और हाजिरी रजिस्टर में दर्ज किया गया। इसके इलावा बच्चों के स्कूल में पहले दिन को दिलचस्प ढंग से मनाने के लिए स्वागती कार्यक्रम आयोजित किए है।

बच्चों को सुविधाएं देने का दावा

डिप्टी डीईओ प्राइमरी भु¨पदर कौर ने कहा कि बच्चों को सुविधाएं प्रदान की गयी है। अध्यापकों ने अपने स्तर पर खिलौने, टॉफी व गुब्बारे बच्चों को दिए। जिससे बच्चे काफी खुश दिखे। प्री-प्राइमरी कक्षा को सजाया भी गया था। हालांकि उन्होंने सरकार द्वारा 1500 रुपये की राशि खिलौने के लिए दी जाने संबंधी बताया कि वह जल्द ही प्रत्येक स्कूल को उपलब्ध करवा दी जाएगी। बच्चों को बेंचों पर बिठाने से स्ट्रेस आता है, इसलिए उन्हें दरिया पर बिठाया गया और उन्हें खेलने कूदने की पूरी आजादी दी गयी।

-------

अभिभावकों तथा गणमान्य व्यक्तियों को हुआ भव्य स्वागत

बाल दिवस के मौके पर आज से शुरू हुई प्री-प्राइमरी कक्षाओं में बच्चों के अभिभावकों तथा गणमान्य व्यक्तियों को सभी स्कूलों द्वारा न्यौता भेजा गया तथा उनका भव्य स्वागत किया गया। जिले में हुए प्रोग्रामों में गांव के सरपंच और अन्य मोहतबार आदरणीय सज्जनों और आंगनवाड़ी वर्कर और हेलपरों ने हिस्सा लिया। विभाग का मुख्य मकसद प्री-प्राइमरी क्लास रूमों को दिखाकर सरकार के उद्देश्य को लोगों तक पहुंचाना था।

आधिकारियों ने स्कूलों का किया निरीक्षण

सरकारी स्कूलों में प्री-प्राइमरी क्लासें सफलतापूर्व शुरू करने के लिए विभाग ने अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की है। जिले के विभिन्न स्कूलों में डीईओ, डिप्टी डीईओ, डाइट ¨प्रसिपल, बीपीईओ और पढ़ो पंजाब की टीमों ने निरीक्षण किया तथा विद्यार्थियों एवं अभिभावकों से बातचीत की।

अध्यापकों में प्री-प्राइमरी शिक्षा को लेकर उत्साह

डिप्टी जिला शिक्षा अधिकारी एलीमेंट्री भु¨पदर कौर ने कहा कि अध्यापकों में प्री-प्राइमरी क्लासों को लेकर काफी उत्साह है। जिले के स्कूलों में बड़ी तादात में बच्चे दाखिल हो रहे हैं। विभाग द्वारा शुरू की गई योजना का भविष्य में काफी सार्थक परिणाम सामने आएंगे।

इन स्कूलों में बढ़ा दाखिला

सरकारी प्राइमरी स्कूल ¨भडी सैदा 122 बच्चे

सरकारी प्राइमरी सकूल कड़ाक ¨सह वाला 60 बच्चे

इब्बन कला स्कूल 50 बच्चे

फताहपुर प्राइमरी स्कूल 30 बच्चे

भराड़ीवाल में 20 बच्चे

सरकारी प्राइमरी स्कूल फैजपुरा में 32 बच्चे

वरिया प्राइमरी स्कूल में 35 बच्चे

कोटला डूम स्कूल में 40 बच्चे

प्राइमरी स्कूल झंजोटी में 45 बच्चे

प्राइमरी स्कूल सराज लुहार में 35 बच्चे

भैणी स्कूल में 25 बच्चे

प्राइमरी स्कूल गुमानपुरा में 50 बच्चों के दाखिले किए गए।

Posted By: Jagran

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस

ਪੰਜਾਬੀ ਵਿਚ ਖ਼ਬਰਾਂ ਪੜ੍ਹਨ ਲਈ ਇੱਥੇ ਕਲਿੱਕ ਕਰੋ!