कमल कोहली, अमृतसर

हरे कृष्णा, हरे कृष्णा, कृष्णा कृष्णा, हरे हरे, हरे रामा, हरे रामा, रामा रामा हरे हरे..। ये जयघोष रविवार को भक्तों ने अमृतसर से 15 किलोमीटर दूर फतेहगढ़ चूड़ियां रोड पर स्थित गांव बीरबल में बनाए गए इस्कान के मंदिर में लगाए। श्री श्री गौर निताई इस्कान मंदिर में सुशोभित किए गए प्रभु श्री गौर निताई, भगवान श्री कृष्ण, बलराम के दर्शन कर भक्त मंत्रमुग्ध हो गए।

मंदिर में हर तरफ प्रभु का सिमरन हो रहा था। सुबह पूरी धार्मिक परंपरा के साथ इस्कान के प्रमुख स्वामी नव योगेन्द्र महाराज के सान्निध्य में भगवान श्री कृष्ण, बलराम, श्री गौर निताई के स्वरूप का दूध, दही, घी, शहद, जल तथा फलों के जूस के साथ महाअभिषेक किया गया। इसके बाद वृंदावन से बनाए गए परिधान ठाकुर जी को पहनाया गया। ठाकुर जी को प्रथम परिधान पीले और नीले रंग के पहनाए गए। शंख बजने के साथ मंदिर के द्वार खोले गए तथा भक्तों ने श्री गौर निताई के दर्शन परिवार की सुख शांति के लिए आराधना की। द्वार खुलने के साथ ही महामंडलेश्वर स्वामी नव योगेन्द्र जी महाराज ने प्रथम आरती भक्त जनों के संग की। इससे पहले मंदिर में महायज्ञ किया गया।

फूलों के साथ सजे श्री गौर निताई के स्वरूप को भक्तों ने अपने मोबाइल फोन में कैद किए। मंदिर के द्वार खुलने से पहले महामंडलेश्वर स्वामी नव योगेन्द्र महाराज ने भक्तजनों को संदेश देते हुए कहा कि जहां प्रभु होते हैं वहां मस्ती होती है। हमें हमेशा प्रभु के नाम के साथ जीवन व्यतीत करना चाहिए। गो माता की सेवा करनी चाहिए, गाय की रक्षा करनी चाहिए। जहां गो माता की पूजा होती है वहां सभी कष्ट दूर होते हैं। प्रभु नाम के साथ ही जीवन का कल्याण है। स्वामी जी ने सकीर्तन करते भी भक्तजनों को प्रभु के संग जोड़ा। मंदिर में इन हस्तियों ने भी की शिरकत

इस अवसर पर स्वामी इंदर अनुज दास, श्यामानद प्रभु, महामंडलेश्वर अशनील जी महाराज, महामंडलेश्वर मनोज जी महाराज, विधायक सुनील दत्ती, पार्षद विकास सोनी, पूर्व कैबिनेट मंत्री लक्ष्मीकांत चावला, पूर्व चेयरमैन बख्शी राम अरोड़ा, पार्षद सुखमिदर पिटू, श्री दुग्र्याणा कमेटी सकीर्तन चेयरमैन संजीव खन्ना, संजय कपूर, इतिन सहगल, गुरप्रीत सिंह कोलकाता के अलावा अन्य कई गणमान्य लोग शामिल हुए। मंदिर परिसर में श्री गोकुल गोशाला का भी निर्माण करवाया

स्वामी नव योगेन्द्र महाराज ने कहा कि पंजाब के प्रथम गांव बीरबल में इस्कान की ओर से यह मंदिर बनाया गया है। इस मंदिर के निर्माण में एक करोड़ रुपये की राशि खर्च हुई है। हर तरह की आधुनिक सुविधाओं का प्रबंध किया गया है। आने वाले दिनों में मंदिर में अन्य विग्रह सुशोभित किए जाएंगे। इसके अलावा मंदिर के निर्माण के लिए कार्य चलता रहेगा। यज्ञशाला में मानवता के कल्याण के लिए हवन करवाए जाएंगे। मंदिर परिसर में श्री गोकुल गोशाला का भी निर्माण करवाया है। इसमें गो माता की सेवा की जा रही है। इस अवसर पर भंडारा भी लगाया गया।

Edited By: Jagran