जागरण संवाददाता, अमृतसर

जीएनडीयू के अधीन आते कंस्टीट्यूट कालेजों के एडहाक प्राध्यापकों ने शिक्षक दिवस के अवसर पर काले बिल्ले लगा कर कक्षाएं लगाई। इन प्राध्यापकों ने सामूहिक रूप में प्राध्यापक दिवस को काला दिवस के रूप में मनाया। प्राध्यापकों ने कक्षाओं के बाद गुरु नानक देव विश्वविद्यालय और भारत सरकार की शिक्षा विरोधी नीतियों के खिलाफ प्रदर्शन भी किया।

जीएनडीयू एडहाक टीचर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष प्रो. गुरप्रीत ¨सह, उपाध्यक्ष प्रो विशाल शर्मा और महासचिव सुखदेव ¨सह ने बताया कि सरकार के साथ साथ जीएनडीयू के अधिकारी विश्वविद्यालय के साथ संबंधित कालेजों में काम करने वाले एडहाक प्राध्यापकों के साथ भेदभाव वाली नीतियां अपना रहे है। मार्च के बाद इन प्राध्यापकों को विश्वविद्यालय की ओर से वेतन नहीं दिए गए है। उन्होंने कहा कि इस बार प्राध्याकपों ने कक्षाओं का बहिष्कार विरोध के रूप में न करते हुए बल्कि काले बिल्ले लगा कर कक्षाएं लगाई है ताकि किसी भी तरह विद्यार्थियों की पढ़ाई की कोई हानि न हो।

गुरु नानक देव विश्वविद्यालय के सभी प्राध्यापक 5 सितंबर टीचर्स डे पर सामूहिक छुट्टी लेकर चंडीगढ़ में होने वाली विरोध रैली में शामिल होने के लिए जीएनडीयू टी¨चग एसासिएशन के अध्यक्ष डॉ. एनपीएस सैनी और महासचिव डॉ. बल¨वदर ¨सह ने नेतृत्व में अध्यापक चंडीगढ के लिए सुबह रवाना हुए। प्राध्यापकों ने कहा कि उच्च शिक्षा के क्षेत्र में 60 प्रतिशत अध्यापकों की पोस्टें खाली है, लेकिन भरा नहीं जा रहा है।

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