विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

अमृतसर के अजनाला में बारिश से हाहाकार, गग्गोमाहल समेत कई गांव जलमग्न, सड़कें और खेत डूबे

Published: Thu, 23 Jul 2026 02:40 PM (IST)

अमृतसर के अजनाला में लगातार बारिश से गग्गोमाहल सहित आसपास के गांवों में बाढ़ जैसे हालात हैं, जिससे खेत, सड़कें और रिहायशी इलाके जलमग्न हो गए हैं।

अजनाला के गांव गग्गोमाहल सहित आसपास के गांवों में बने वर्षा से बाढ़ के हालात (फोटो: जागरण)

अजनाला के गांव गग्गोमाहल सहित आसपास के गांवों में बने वर्षा से बाढ़ के हालात (फोटो: जागरण)

HighLights

  1. अजनाला के गग्गोमाहल सहित गांवों में बारिश से बाढ़ जैसे हालात।

  2. खेतों में धान की फसलें डूबीं, किसानों को भारी नुकसान की चिंता।

  3. किसान यूनियन ने प्रशासन से तत्काल राहत और मुआवजे की मांग की।

जागरण संवाददाता, अमृतसर। जिला अमृतसर में पिछले दो दिन से लगातार हो रही वर्षा के कारण गांव गग्गोमाहल सहित आसपास के गांवों में बाढ़ जैसे हालात बने हुए हैं। खेतों, सड़कों और रिहायशी क्षेत्रों में पानी भरने से लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

खेतों में खड़ी धान की फसलें भी वर्षा के पानी में डूबने लगी हैं, जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान की चिंता सताने लगी है। भारतीय किसान यूनियन एकता संघर्ष के प्रदेश के अध्यक्ष पलविंदर सिंह माहल ने कहा कि डेरा बाबा नानक के साथ साथ अमृतसर रोड समेत कई संपर्क मार्ग जलमग्न हो गए हैं।

वर्षा से पहले नालों की सफाई और पुलों के नीचे उगी झाड़ियों को हटाने का काम नहीं किया गया है, जिसके कारण पानी की निकास ही नहीं हो पा रहा है। इंटरनेट मीडिया पर वीडियो डालकर महल ने आरोप लगाया है कि ने गंभीर हालात के बावजूद अब तक न तो राहत टीमें मौके पर पहुंची हैं, न ही जेसीबी मशीनें लगाई गई हैं।

जबकि कोई वरिष्ठ अधिकारी भी प्रभावित क्षेत्रों का जायजा लेने नहीं पहुंचा है। लोग अपने स्तर पर पानी की समस्या से निपटने की कोशिश कर रहे हैं। भारतीय किसान यूनियन एकता संघर्ष ने पंजाब सरकार सहित जिला प्रशासन से मांग की है कि प्रभावित क्षेत्रों में तुरंत राहत कार्य शुरू किए जाएं।

जबकि संगठन ने जल निकासी के मकसद से मशीनें तैनात करने व फसलों की विशेष गिरदावरी करवाकर किसानों को उचित मुआवजा देने के साथ ही लापरवाही बरतने वाले सभी अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग उठाई है, क्योंकि पिछली बार भी वर्षा के साथ ही साथ रावी दरिया में आई बाढ़ से खासकर अजनाला के लगभग 200 के करीब गांवों में पानी लोगों को पानी की झेलनी पड़ी थी।