अमृतसर में नशा तस्करी मॉड्यूल का भंडाफोड़, 4 किलो हेरोइन और 4 पिस्तौल जब्त; दो आरोपी गिरफ्तार
अमृतसर पुलिस ने सीमा पार से संचालित नशा और हथियार तस्करी मॉड्यूल का भंडाफोड़ करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार ...और पढ़ें
-1777542917893_m.webp)
सीमा पार तस्करी मॉड्यूल का पर्दाफाश, चार किलो हेरोइन व चार पिस्तौल सहित दो गिरफ्तार।
HighLights
अमृतसर पुलिस ने नशा तस्करी मॉड्यूल का पर्दाफाश किया
दो आरोपी गिरफ्तार, 4.108 किलो हेरोइन बरामद
चार आधुनिक पिस्तौल और पांच कारतूस भी जब्त
जागरण संवाददाता, अमृतसर। अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस ने सीमा पार से संचालित नशा और हथियार तस्करी मॉड्यूल का पर्दाफाश करते हुए दो आरोपितों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से 4.108 किलो हेरोइन, चार आधुनिक पिस्तौल और पांच जिंदा कारतूस बरामद किए हैं।
गिरफ्तार आरोपितों की पहचान तरनतारन के गांव लहूका निवासी 21 वर्षीय अर्शदीप सिंह उर्फ अर्श तथा जसवंत सिंह नगर निवासी 31 वर्षीय तरसेम सिंह उर्फ कैरों उर्फ पहलवान के रूप में हुई है। बरामद हथियारों में दो 9 एमएम ग्लॉक पिस्तौल, जो आस्ट्रिया निर्मित हैं, तथा दो .30 बोर पिस्तौल, जो चीन निर्मित बताए जा रहे हैं, शामिल हैं।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि दोनों आरोपित इंटरनेट मीडिया प्लेटफार्म के जरिए पाकिस्तान आधारित तस्करों के संपर्क में थे। ड्रोन के माध्यम से पाकिस्तान से हथियार और हेरोइन की खेप भेजी जाती थी, जिसे आरोपित प्राप्त कर आगे सप्लाई करते थे। इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान और आगे-पीछे के लिंक खंगालने के लिए जांच जारी है।
कमिश्नर पुलिस गुरप्रीत सिंह भुल्लर ने बताया कि पहले चरण में आरोपित अर्शदीप को 2.6 किलो हेरोइन सहित गिरफ्तार किया गया। पूछताछ के बाद सह आरोपित तरसेम सिंह को भी काबू कर लिया गया, जिसके कब्जे से 1.5 किलो हेरोइन और चार पिस्तौल बरामद किए गए।
सीपी ने बताया कि आरोपित तरसेम सिंह के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट, आर्म्स एक्ट, जेल एक्ट और हत्या के प्रयास सहित 16 आपराधिक मामले पहले से दर्ज हैं। वह विदेश में बैठे गैंगस्टर गुरप्रीत सिंह उर्फ कृष्ण जंडियाला का करीबी साथी बताया जा रहा है।
जांच में यह भी खुलासा हुआ है कि गैंगस्टर कृष्ण जंडियाला ने तरसेम को फर्जी पासपोर्ट बनवाकर विदेश भेजने का लालच देकर अपने लिए काम करने को कहा था। मामले में थाना छावनी अमृतसर में एनडीपीएस एक्ट की धाराओं 21-बी, 21-सी, 29 और आर्म्स एक्ट की धारा 25 के तहत केस दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
