जागरण संवाददाता, अमृतसर

जिला पुलिस के एक होटल पर सीआईए स्टाफ की टीम ने बुधवार की रात छापामारी जुए के अड्डे का भंडाफोड़ किया है। पता चला है कि होटल से पुलिस ने दस जुआरी और उनके कब्जे से लगभग 50 हजार रुपये बरामद किए हैं। हालाकि मामला पुलिस अफसर से जुड़ा होने के कारण कोई भी पुलिस अधिकारी खुल को बोलने को तैयार नहीं है। बताया जा रहा है कि होटल का मालिक पुलिस अफसर भी ताश के पत्ते खेलने का शौकीन है। जांच कर रहे इंस्पेक्टर व¨वदर महाजन ने बताया कि फिलहाल पैसों की गिनती की जा रही है। बताया जा रहा है कि पकड़े गए कुछ आरोपितों ने एक अन्य जुए के अड्डे के बारे में भी पुलिस को जानकारी दी है। सीआईए स्टाफ की एक टीम को वहां पर भी छापेमारी के लिए रवाना किया गया है।

जानकारी के मुताबिक पुलिस कमिश्नर सुधांशु शेखर श्रीवास्तव को सुल्तान¨वड रोड इलाके के लोगों ने शिकायत की थी कि जिला पुलिस के एक अफसर ने इलाके में होटल खरीद रखा है। होटल के कमरों की ज्यादातर बु¨कग पर्यटकों के लिए ना रहकर जुआरियों के लिए रहती है। आरोप है कि होटल के कमरों में शराब और शबाब भी आसानी से पहुंचते थे। पुलिस अफसर का होटल होने के कारण यहां थाना प्रभारी स्तर के अधिकारियों में हिम्मत नहीं थी कि होटल में दबिश दी जा सके। जिसके चलते होटल का मालिक उक्त धंधा धड़ल्ले से चला रहा था। रोजाना होटल में मचने वाले शोर, अपराधी प्रवृति के लोगों से क्षेत्र की जनता असहज महसूस करने लगी थी। इसके बाद लोगों ने पुलिस कमिश्नर को शिकायत की। सीपी के आदेश पर इंस्पेक्टर व¨वदर महाजन ने होटल में छापेमारी की दो वहां से 10 जुआरियों को 50 हजार की नगदी और ताश के पत्तों संग काबू कर लिया गया है।

तीन दर्जन जुआरी दबिश से पहले ही निकल गए

बताया जा रहा है कि प्लान किया गया था कि होटल में छापेमारी बुधवार की शाम को होगी। लेकिन किसी तरह से पुलिस की यह सूचना लीक हो गई। पुलिस के पहुंचने से पहले होटल के कमरों में जुआ खेल रहे तीन दर्जन के करीब जुआरी लाखों की नगदी लेकर फरार हो गए। पूछताछ में पता चला है कि जब होटल के कमरे फुल हो जाते थे तो होटल का मैनेजर किसी अन्य होटल में जुआरियों के लिए कमरे बुक करवा देता था।

Posted By: Jagran