भुवनेश्वर, जेएनएन। कड़ी सुरक्षा के बीच पूर्व निर्धारित समय के हिसाब स्थानीय प्रदर्शनी मैदान में Naveen Patnaik ने लगातार पांचवीं बार ओडि़शा के मुख्यमंत्री के तौर पर पद एवं गोपनीयता की शपथ ली। राज्यपाल प्रो. गणेशी लाल ने नवीन पटनायक को मुख्यमंत्री के तौर पर शपथ दिलायी। इस अवसर पर कई विशिष्ट गणमान्य उपस्थित थे। पहली बार नवीन पटनायक ने अपने मंत्रिमंडल की शपथ राजभवन से बाहार प्रदर्शनी मैदान में लिया है। इस अवसर पर नवीन की पांचवी पारी में 11 कैबिनेट मंत्री एवं 9 को राज्य मंत्री के तौर पर शपथ लिया है। नवीन पटनायक के पांचवीं पारी में 10 नए चेहरे हैं। जानकारी के मुताबिक नवीन पटनायक के पांचवीं पारी में सूर्य नारायण पात्र को विधानसभा अध्यक्ष तथा प्रमिला मलिक को मुख्य सचेतक बनाया गया है। इस अवसर पर कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। 

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने नवीन पटनायक को ओडिशा के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेने पर बधाई देते हुए कहा कि लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करने में उन्हें और उनकी टीम को शुभकामनाएं। मैं ओडिशा की प्रगति के लिए केंद्र से पूर्ण सहयोग का आश्वासन देता हूं।

नवीन पटनायक के पांचवीं पारी के कैबिनेट मंत्री

1. रणेन्द्र प्रताप स्वांई (राजा स्वाईं) ( लगातार 7 बार से विधायक हैं। 1999 से लगातार आठगड़ विधानसभा सीट से जीत रहे हैं। इससे पहले वह खेल एवं युवा व्यापार मंत्री रह चुके हैं। 

2. विक्रम केशरी आरूख ( लगातार छठवीं बार चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंचे हैं, बीजद से 5 बार तथा जनता दल से एक बार चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंचे थे। इससे पहले वह कई महत्वपूर्ण विभाग के मंत्री रह चुके हैं।)

3. प्रफुल्ल कुमार मलिक (2004 से लगातार कामाख्यानगर विधानसभा सीट से चुनाव जीतते आ रहे हैं, इससे पहले भी वह मंत्री रह चुके हैं।) 

4. निरंजन पुजारी (लगातार पांचवीं बार विधानसभा चुनाव जीतकर पहुंचे हैं। 2009 से वह सोनपुर से चुनाव जीत रहे हैं। आबकारी, उद्योग, खाद्य आपूर्ति मंत्री रह चुके हैं। नवीन की चौथी पारी में वह विधानसभा अध्यक्ष का दायित्व निभा रहे थे।)

5. पद्मनाभ बेहेरा (वीरमहाराजपुर विधानसभा से चुनाव जीते हैं। नवीन पटनायक के तीसरी पारी में खदान मंत्री थे। 

6. प्रताप जेना (लगातार पांचवीं बार चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंचे हैं। माहांगा विधानसभा सीट से तीसरी बार चुनाव जीते हैं। स्वास्थ्य, कानून, सूचना ए?वं जनसंपर्क विभाग के मंत्री पद का दायित्व निभा चुके हैं।)

7. अरुण साहू (2004 से लगातार चौथी बार विधानसभा पहुंचे हैं। सूचना, जनसंपर्क, पंचायतीराज विभाग के मंत्री पद का दायित्व निभा चुके हैं।)

8. सुदामा मरांडी (लगातार दूसरी बार बांगरीपोशी विधानसभा सीट से चुनाव जीते हैं। नवीन के चौथी पारी में खेल एवं युवा व्यापार तथा आदिवासी कल्याण मंत्री थे। 

9. सुशांत सिंह (लगातार तीसरी बार विधायक बने हैं। 2009 से भटली विधानसभा सीट से चुनाव जीत रहे हैं। नवीन के चौथी पारी में श्रम एवं ऊर्जा मंत्री का दायित्व निभा चुके हैं।

10. नवकिशोर दास ( कांग्रेस छोड़कर बीजद में शामिल होकर झारसुगडा से विधायक बने हैं। वह 2009 एवं 2014 में कांग्रेस के टिकट पर विधायक थे)

11. श्रीमती टुकुनी साहू ( टिटिलागड़ विधानसभा से चुनाव जीती हैं लगातार दूसरी बार विधानसभा चुनाव जीतकर पहुंची हैं। 

नवीन पटनायक के पांचवीं पारी के राज्य मंत्री

1. अशोक चन्द्र पंडा (भुवनेश्वर एकाम्र विधानसभा सीट से  लगातार तीसरी बार विधायक बने हैं। नवीन की चौथी पारी में वह पर्यटन व संस्कृति मंत्री थे)

2. समीर रंजन दास (नीमापड़ा विधानसभा सीट से चुनाव जीते हैं। वह तीसरी बार विधानसभा में पहुंचे हैं। पहली बार मंत्री पद का दायित्व निभा रहे हैं)

3. ज्योति प्रकाश पाणीग्राही (सिमुलिया विधानसभा सीट से चुनाव जीते हैं। लगातार दूसरी बार विधायक बने हैं। पहली बार मंत्री बने हैं) 

4. दिव्यशंकर मिश्र (जुनागड़ विधानसभा सीट से चुनाव जीते हैं। लगातार दुसरी बार विधानसभा में पहुंचे हैं। पहली बार उन्हें मंत्री पद का दायित्व मिला है)

5. प्रेमानंद नायक ( तेलकोई विधानसभा सीट से 2009 एवं 2019 में दूसरी बार विधानसभा पहुंचे हैं। पहली बार उन्हें मंत्री पद मिला है। मेकेनिकल इंजीनियर से वह राजनीति में आए हैं)

6. रघुनंदन दास  (बालीकुदा-एरसमा विधानसभा सीट से भाजपा के वरिष्ठ नेता डा. दामोदर राउत को हराकर विधानसभा पहुंचे हैं। भाजपा छोड़कर वह बीजद में शामिल हुए थे। 

7. श्रीमती पद्मिनी दियान ( पहली बार कोटपाड़ विधासभा से चुनाव  जीतकर विधानसभा पहुंची हैं)

8. तुषारकांति बेहेरा (काकटपुर विधानसभा सीट से चुनाव जीते हैं। भाजपा छोड़कर बीजद में शामिल होकर चुनाव लड़े थे। 

9. जगन्नाथ सारक (विषम कटक विधानसभा सीट से लगातार दुसरी बार चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंचे हैं। 

ये प्रमुख लोग थे उपस्थित 

नवीन के पांचवीं बार मुख्यमंत्री बनने को लेकर आयोजित शपथ विधि समारोह में उनके भाई प्रेम पटनायक, बहन गीता मेहेटा भी उपस्थित थे। इस अवसर पर अतिथि के तौर पर रघुनाथ महापात्र, प्रफुल्ल कर, प्रियम्बदा महांती, डा. रमाकांत पंडा प्रमुख उपस्थित थे। 

सबसे ज्यादा कार्यकाल वाले मुख्यमंत्री बनने की ओर अग्रसर नवीन पटनायक

इस कार्यकाल के बाद पटनायक सिक्किम के मुख्यमंत्री रहे पवन कुमार चामलिंग का 24 साल का रिकार्ड तोड़ेंगे। सन 1994 में सिक्किम डेमोक्रेटिक फ्रंट के मुखिया चामलिंग मुख्यमंत्री बने थे। उनके रिकार्ड की तरफ त्रिपुरा के मुख्यमंत्री रहे मानिक सरकार बढ़ रहे थे मगर पिछले चुनाव में त्रिपुरा में भाजपा की सरकार बन गई। ज्योतिबसु का पश्चिम बंगाल का मुख्यमंत्री पद पर बने रहने का रिकार्ड 23 साल का है। स्वास्‍थ्‍य  कारणों से बीच में ही बुद्धदेव भट्टाचार्य को मुख्यमंत्री बनाया गया था। नवीन पटनायक भारत में सबसे ज्यादा कार्यकाल वाले मुख्यमंत्री बनने की तरफ तेजी से बढ़ रहे हैं।

उल्लेखनीय है कि पटनायक ने नया रिकॉर्ड बनाते हुए लगातार पांचवीं बार मुख्यमंत्री पद पर काबिज होने जा रहे हैं। उनकी पार्टी बीजू जनता दल दो-तिहाई बहुमत के साथ लगातार पांचवीं बार चुनाव जीत गई। बीजद ने ओडिशा की 146 विधानसभा सीटों में से 112 सीटों पर जीत हासिल की है। ओडिशा में 147 विधानसभा सीटें हैं लेकिन एक उम्मीदवार की मृत्यु होने और बाद में चक्रवात फणि के कारण केंद्रापाड़ा जिले की पाटकुरा विधानसभा सीट पर चुनाव टाल दिया गया था। भाजपा मुख्य विपक्षी पार्टी बन गई। भाजपा ने 23 विधानसभा सीटों पर जीत हासिल की है। हालांकि भाजपा विधायक दल के नेता रहे केवी सिंह देव अपने निर्वाचन क्षेत्र पटनागड़ से चुनाव हार गए हैं। नेता प्रतिपक्ष के पद पर भाजपा के विधायक नया नेता चुनेंगे। इसकी घोषणा होनी बाकी है।

 ।

समारोह में हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश एवं मेक इन ओडिशा में भाग लेने वाले देश के प्रमुख उद्योगपतियों को आमंत्रित किया गया है। इसमें मुख्य रूप से रतन टाटा, मुकेश अंबानी, नवीन जिंदल  जैसे देश के बड़े उद्योगपति के भाग लेने की संभावना है। इसमें राज्य की सभी राजनीतिक पार्टी के नेताओं को भी निमंत्रित किया गया है। 

पांच हजार लोगों के बैठने की व्यवस्था

राजधानी भुवनेश्वर के प्रदर्शनी मैदान में आयोजित शपथ ग्रहण समारोह में पांच हजार लोगों के बैठने की व्यवस्था की गई है। इसकी तैयारी पूरी कर ली गई है। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए खोजी कुत्तों के साथ 25 प्लाटून पुलिस बल तैनात रहेगा। 25 सीसीटीवी कैमरों की मदद से पूरे समारोह पर नजर रखी जाएगी। प्रदर्शनी मैदान को जोड़ने वाले सभी मार्ग पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। समारोह के दो घंटे पहले ही सुबह आठ बजे से कार्यक्रम खत्म होने तक मधुसूदन मार्ग को सील कर दिया जाएगा। समारोह स्थल में जाने के लिए पांच प्रवेश द्वारा बनाए गए हैं। सभी प्रवेश मार्ग पर मेडल डिटेक्टर मशीन लगाई गई है। बिना निमंत्रण पत्र के किसी भी व्यक्ति को अंदर जाने की इजाजत नहीं होगी। मंच के सामने सौ फीट की दूरी तक स्थान खाली रखा जाएगा। मैदान के अंदर एलसीडी के जरिए समारोह देखने की व्यवस्था की गई है। तीन जगहों पर र्पािकंग व्यवस्था की गई है।

कैपिटल हाईस्कूल मैदान में दो पहिया एवं चार पहिया वाहन, मधुसूदन मार्ग के दोनों तरफ चार पहिया वाहन, वीआइपी सदस्यों की गाड़ी पार्किंग के लिए मैदान के अंदर ही व्यवस्था की गई है। बिना पास के किसी भी वाहन को इन जगहों के लिए नहीं छोड़ा जाएगा।

 

लोकसभा चुनाव और क्रिकेट से संबंधित अपडेट पाने के लिए डाउनलोड करें जागरण एप

इंडियन टी20 लीग

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस