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जागरण संवाददाता, कोलकाता। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री व टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी ने बीते 12 जुलाई को पांच किलोमीटर पैदल चल कर लोगों को जल बचाओ जीवन बचाओ का संदेश दिया था, अब वे हरियाली बचाने व बढ़ाने का संदेश देने के लिए एक बार फिर पदयात्रा करने जा रही हैं।

जानकारी के अनुसार, यह पद यात्रा गुरुवार शाम बिड़ला प्लेटोरियम से शुरू होकर दक्षिण कोलकाता के नजरूल मंच तक निकाली जाएगी।

पदयात्रा में तृणमूल के आला नेताओं के साथ कई विशिष्टजन शामिल होंगे। पदयात्रा में आम लोगों के शामिल होने का भी आह्वान किया गया है। इसे लेकर सरकार की ओर से विज्ञापन भी प्रसारित किया जा रहा है। 

यद्यपि तृणमूल की ओर से इस पदयात्रा को गैर राजनीतिक करार दिया जा रहा है, लेकिन जानकार इसे राजनीति से इतर नहीं मानते। बंगाल विधानसभा चुनाव को लेकर चुनावी रणनीतिकार प्रशांतकिशोर (पीके) के तृणमूल के साथ जुडऩे के बाद तृणमूल में कई सांगठनिक बदलाव किए गए हैं। साथ ही, नए-नए प्रयोग किए जा रहे हैं।

सोमवार को ही तृणमूल ने सीधे सीएम से शिकायत करने के लिए हेल्पलाइन नंबर व वेबसाइट दीदीकेबोलो लांच किया। हरियाली बचाने के लिए पदयात्रा को भी पीके चुनावी रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है। हालांकि बढ़ते शहरीकरण व घटती हरियाली पर्यावरण के लिए चिंता का विषय बना हुआ है। 

बीते 12 जुलाई को ममता बनर्जी ने राज्यवासियों से जल संरक्षण के लिए जागरूक होने की अपील करते हुए पदयात्रा की थी। पदयात्रा का आगाज रवींद्रनाथ टैगोर के पुश्तैनी घर जोड़ासांकू से शाम दो बजे आरंभ होकर मध्य कोलकाता के गांधी प्रतिमा तक जाकर समाप्त हुआ था। ममता की 5 किमी की जल बचाओ पदयात्रा में स्कूली छात्र, युवा और एनजीओ से जुड़े हुए लोग शामिल हुए थे। सीएम ने दुनिया भर में बढ़ते जल संकट के मद्देनजर हर साल 12 जुलाई को जल संरक्षण दिवस के तौर पर मनाने की घोषणा भी की थी।    

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Posted By: Sachin Mishra

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