पटना [जेएनएन]। ह्यूमेन चेन के बहाने एक बार फिर बिहार कांग्रेस की अंदरूनी कलह सतह पर आ गई है। एक ओर जहां पार्टी ने ह्यूमेन चेन का विरोध किया है तो दूसरी ओर पूर्व अध्यक्ष डॉ. अशोक चौधरी ने ह्यूमेन चेन को अपना नैतिक समर्थन दिया है। उन्होंने अन्य राजनीतिक दलों से भी अपील की है कि लोगों को मतभेद भुला कर कुप्रथा के खिलाफ बनने वाली ह्यूमेन चेन को अपना समर्थन देना चाहिए।

शनिवार को डॉ. चौधरी ने कहा कि भारतीय कांग्रेस ने देश में हुए विभिन्न सामाजिक आंदोलनों में बढ़ चढ़ कर हिस्सा लिया है। ह्यूमेन चेन भी दहेज और बाल विवाह जैसी कुरीति के खिलाफ बनाई जा रही है। राज्य के नागरिकों के साथ ही राजनीतिक दलों को भी राजनीतिक मतभेद भुलाकर इसे अपना पूर्ण समर्थन देना चाहिए। उन्होंने कहा वे इसका समर्थन करते हैं, लेकिन चूंकि पार्टी का फैसला है कि वह इसमें शामिल नहीं होगी इसलिए वे खुद हिस्सा नहीं बनेंगे।

वहीं, इससे पहले कादरी ने ह्यूमेन चेन का विरोध करते हुए कहा था कि कि राज्यभर में अराजक स्थिति बनी हुई है। पिछले छह महीने से राज्य में बालू संकट व्याप्त है। मजदूरों को काम की तलाश में राज्य से पलायन करना पड़ रहा है। ठंड की विभीषिका ने पूरे राज्य के जन-जीवन को पिछले एक माह से प्रभावित कर रखा है। न कहीं अलाव की व्यवस्था है और न ही ठंड से बीमार पड़ रहे लोगों के इलाज की।

यहां तक कि सरकार की तरफ से गरीबों को इस कड़ाके के ठंड में भगवान भरोसे छोड़ दिया गया है। कहीं भी कंबल का वितरण नहीं किया जा रहा है। जबकि दूसरी तरफ सरकार दहेज व बाल विवाह के नाम पर मानव शृंखला का ड्रामा कर रही है। इस कड़ाके की ठंड में सरकार अपनी लोकप्रियता दिखाने के लिए स्कूली शिक्षकों व छात्र-छात्राओं को ह्यूमेन चेन में शामिल होने का दबाव बना रही है। उन्होंने कहा कि यदि सरकार उपरोक्त समस्याओं को दूर करने के लिए ह्यूमेन चेन का निर्माण करती तो उसमें कांग्रेस जरूर शामिल होती।

Posted By: Ravi Ranjan

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस