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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 13, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

'मेरी जान को खतरा है, मैं नहीं आ सकता', राहुल गांधी ने कोर्ट से ऐसा क्यों कहा?

Published: Wed, 13 Aug 2025 05:37 PM (IST)

कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने पुणे की अदालत में कहा कि उनकी जान को खतरा है क्योंकि उनकी राजनीतिक लड़ाइयों ...और पढ़ें

कांग्रेस सांसद राहुल गांधी की जान को खतरा: मिलिंद पवार।(फाइल फोटो)
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी की जान को खतरा: मिलिंद पवार।(फाइल फोटो)

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने बुधवार को पुणे की एक अदालत को बताया कि उनकी हालिया राजनीतिक लड़ाइयों और उनके खिलाफ मानहानि मामले में शिकायतकर्ता सत्यकी सावरकर के वंश को देखते हुए उन्हें जान का खतरा है।

कांग्रेस सांसद राहुल गांधी की सुरक्षा पर उनके वकील ने चिंता जाहिर की है विनायक सावरकर पर कथित अपमानजनक टिप्पणी मामले पर पुणे की एक विशेष अदालत में सुनवाई के दौरान राहुल गांधी के वकील ने कहा कि कांग्रेस सांसद की जान को खतरा है।

राहुल गांधी की तरफ से वकील मिलिंद पवार ने कोर्ट में बताया कि बीजेपी नेता बिट्टू ने उन्हें आतंकवादी तो दूसरे भाजपा नेता तरविंदर मारवाह ने खुले तौर पर धमकी दे दी कि अगर राहुल गांधी ठीक से व्यवहार नहीं करेंगे तो उनका हाल उनकी दादी जैसा हो सकता है।

'गोडसे परिवार से है शिकायतकर्ता का संबंध'

मिलिंद पवार ने आगे कहा कि शिकायतकर्ता सत्याकी का सावरकर और गोडसे परिवार से पारिवारिक संबंध है और वह अपने प्रभाव का दुरुपयोग कर सकते हैं। वकील के अनुसार शिकायतकर्ता की पारिवारिक पृष्ठभूमि हिंसक और असंवैधानिक प्रवृत्तियों से जुड़ी रही है।

'मामले में जानबूझकर देरी कर रहे राहुल गांधी'

सावरकर के पोते सत्यकी सावरकर ने कहा कि यह आवेदन काफी समय पहले दायर किया गया था, लेकिन राहुल गांधी ने जानबूझकर मामले में देरी की। राहुल गांधी का बयान पूरी तरह अप्रासंगिक है। अदालत यह बात पहले ही कह चुका है कि मामले की सुनवाई के लिए राहुल गांधी की व्यक्तिगत मौजूदगी जरूरी नहीं है, इसके बावजूद वह कार्यवाही में देरी कर रहे हैं।

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