नई दिल्ली,जागरण ब्यूरो। आम बजट से ठीक दो हफ्ते पहले पीएम नरेंद्र मोदी ने एक बेहद उच्चस्तरीय बैठक में अर्थव्यवस्था के हालात की समीक्षा की। नीति आयोग के तत्वाधान में हुई इस बैठक में सरकार के वरिष्ठ मंत्री, नीति आयोग के अधिकारियों के अलावा उद्योग जगत की कुछ नामी हस्तियां व अर्थविद भी शामिल हुए। बैठक में नीति आयोग की तरफ से भविष्य की आर्थिक नीति पर एक प्रजेंटेशन दिया गया।

यह एक तरह से अर्थव्यवस्था के समक्ष चुनौतियों व इनके भावी समाधान का प्रपत्र था। प्रधानमंत्री कार्यालय की तरफ से जारी विज्ञप्ति में बताया गया है कि बैठक में सभी सदस्यों ने पांच अलग अलग विषय पर अलग अलग चर्चा की।

ये पांच विषय थे अर्थव्यवस्था व रोजगार, कृषि व जल संसाधन, निर्यात, शिक्षा व स्वास्थ्य। माना जाता है कि आगामी बजट का फोकस भी उक्त पांचों मुद्दों पर होगा। अब देखना होगा कि शनिवार को हुई बैठक में आये सुझावों को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 5 जुलाई, 2019 को पेश होने वाले बजट में कितना शामिल करती हैं।

पीएम मोदी की इस बैठक की अहमियत इसलिए भी है कि नीति आयोग ने हाल ही में सरकार की भावी आर्थिक नीतियों का एक एजेंडा तैयार किया है। इसमें सरकार के लिए पहले सौ दिनों और वर्ष 2022 तक के लक्ष्यों का उल्लेख है। माना जाता है कि विभिन्न मंत्रालय इस प्रपत्र के मुताबिक अहम फैसला कर सकते हैं। शनिवार को हुई बैठक में इनमें से कई मुद्दों पर बात हुई है।

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Posted By: Nitin Arora

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