जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। पेगासस मामले पर सुप्रीम कोर्ट की ओर से गठित कमेटी को एक तरफ जहां कांग्रेस अपनी जीत बता रही है वहीं भाजपा इसे अपनी जीत मानती है। भाजपा के अनुसार सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा दाखिल कर जांच कमेटी से कराने की मांग थी और यह फैसला उसी के अनुरूप है। भाजपा प्रवक्ता संबित पात्रा ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले का श्रेय लेने पर राहुल गांधी को आड़े हाथों लिया।

संबित पात्रा ने कहा कि सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में साफ-साफ कहा था कि विपक्ष और खासकर कांग्रेस की ओर से फैलाये जा रहे भ्रम को दूर करने की जरूरत है। इसलिए इस मामले की जांच के लिए विशेष कमेटी का गठन होना चाहिए। सरकार ने अपने हलफनामे के साथ ही सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव का संसद में दिए गए बयान की कापी भी संलग्न है, जिसमें पेगासस को लेकर सरकार की स्थिति साफ कर दी गई थी।

सुप्रीम कोर्ट की ओर से गैर-सरकारी विशेषज्ञ कमेटी गठित करने के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि विशेषज्ञ तो विशेषज्ञ होते हैं और उनकी जांच पर पूरा भरोसा है। पेगासस पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले का श्रेय लेने पर राहुल गांधी को आड़े हाथों लेते हुए संबित पात्रा ने कहा कि इसका कांग्रेस से कोई लेना देना नहीं है। उन्होंने कहा कि न तो कांग्रेस और न ही राहुल गांधी इस मुद्दे को लेकर सुप्रीम कोर्ट गए थे। अब जब फैसला आया है, तो उसका श्रेय लेने की कोशिश में जुट गए हैं।

पात्रा ने कहा कि राहुल गांधी को झूठ बोलने और भ्रम फैलाने की आदत है। उनके पास पेश करने के लिए कुछ भी नया नहीं है। वह किसी भी मुद्दे पर बार-बार एक ही शब्दावली का इस्तेमाल करते हैं और बातों को दोहराते हैं जैसे 'लोकतंत्र खतरे में है' या 'भाजपा संविधान पर हमला' कर रही है। इसे देखकर आप यह नहीं कह पाएंगे कि किस मुद्दे पर उन्होंन प्रेस कांफ्रेंस की। राहुल गांधी पर कटाक्ष करते हुए भाजपा प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि उन्होंने अतीत में राम मंदिर और राफेल लड़ाकू विमानों की खरीद जैसे मुद्दों पर अदालतों पर हमला किया था।

Edited By: Tanisk