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नई दिल्ली, जागरण ब्यूरो। आइएसआइएस से प्रेरित माड्यूल के मामले में एनआइए ने नया खुलासा किया है। गिरफ्तार आतंकियों से पूछताछ और छानबीन के बाद एनआइए ने उत्तर प्रदेश और पंजाब में सात स्थानों पर छापा मारा। वैसे तो एनआइए ने अभी तक किसी की गिरफ्तारी की आधिकारिक तौर पर पुष्टि नहीं की है, लेकिन फिलहाल चार लोगों से हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।

एनआइए के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि माड्यूल में कई अन्य लोगों के शामिल होने की आशंका पहले से थी और गिरफ्तार आतंकियों ने इनके बारे में जानकारी भी दी थी। लेकिन उनके खिलाफ कार्रवाई के पहले पूरी तहकीकात की गई। जांच में माड्यूल में इसके शामिल होने के ठोस सबूत मिलने के बाद उनके ठिकानों पर छापा मारने का फैसला लिया गया। जिन स्थानों में छापा मारा गया है, उनमें लुधियाना-चंडीगढ़ रोड पर स्थित मेहरबान गांव के मस्जिद का मौलवी भी है। एनआइए की टीम ने बुधवार की रात को ही मस्जिद पर छापा मारा था। मोहम्मद ओवेश पाशा नाम का मौलवी सात महीने पहले ही लुधियाना आया था। पहले वह उत्तर प्रदेश के मदरसे में पढ़ता था, जहां आइएसआइएस के माड्यूल से जुड़े आतंकियों के संपर्क में आया था।

लुधियाना के अलावा एनआइए बुलंदशहर के कलोली गांव के रहने वाले हबीब नाम के एक व्यक्ति के यहां भी छापा मारा है। हबीब गांव में ही एक जेनरल स्टोर की दुकान चलाता है। बताया जाता है कि हबीब इसके पहले सउदी अरब में 25 साल तक काम कर चुका है। हबीब से दिल्ली स्थित एनआइए मुख्यालय में लाकर पूछताछ की जा रही है। इसके अलावा एनआइए ने मेरठ, रामपुर, अमरोहा और हापुड़ में भी छापा मारा है, लेकिन फिलहाल आरोपियों और छापे के बारे में खुलकर बोलने से बच रही है। वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि हिरासत में लिए गए आरोपियों से पूछताछ और छापे में बरामद दस्तावेजों व अन्य चीजों के विश्लेषण के बाद ही स्पष्ट तौर पर कुछ कहा जा सकेगा।

Posted By: Manish Negi

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