नई दिल्‍ली, एएनआइ। पूर्वी लद्दाख में एलएसी पर संघर्ष वाले सभी बिंदुओं से सेनाओं की वापसी सुनिश्चित करने के लिए भारत और चीन राजनयिक और सैन्य चैनलों के जरिए संवाद बनाए हुए हैं। विदेश मंत्रालय के प्रवक्‍ता अनुराग श्रीवास्‍तव (Anurag Srivastava) ने साप्‍ताहिक प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि दोनों पक्षों ने अगले दौर की सैन्य स्तर की वार्ता यानी कमांडर स्‍तर की बातचीत जारी रखने पर सहमति जताई है। यही नहीं दोनों ही देश इसको लेकर लगातार संपर्क में हैं।  

अनुराग श्रीवास्तव ने कहा कि दोनों ही देश वरिष्ठ कमांडरों की बैठक के अगले दौर के लिए राजनयिक और सैन्य चैनलों के जरिए निरंतर बातचीत कर रहे हैं। भारत और चीन LAC के सभी तनाव वाले बिंदुओं से सेनाओं की वापसी सुनिश्चित करने और शांति बहाली के लिए संचार बनाए रखना चाहते हैं। श्रीवास्तव ने कहा कि जैसा कि आप जानते हैं विदेश मंत्रालयों के अधिकारियों के बीच सीमा विवाद सुलझाने के लिए गठित वर्किंग मेकेनिज्म (WMCC) की पिछली बैठक 18 दिसंबर को हुई थी। 

प्रवक्‍ता (Anurag Srivastava) ने बताया कि इस बैठक में दोनों देशों के बीच अगली वरिष्ठ कमांडर स्तर की बैठक को लेकर सहमति बनी थी। मालूम हो कि आठवें और पिछले दौर की सैन्य स्तर की वार्ता छह नवंबर को हुई थी। इसमें दोनों देशों ने संघर्ष वाले बिंदुओं से सैनिकों को पीछे हटाने के बारे में बातचीत की थी। इसके बाद से यह वार्ता आगे नहीं बढ़ पा रही है। इसके लिए चीन के अड़ियल रवैये को जिम्‍मेदार माना जा रहा है। 

विदेश मंत्रालय के प्रवक्‍ता अनुराग श्रीवास्‍तव ने यह भी कहा कि वह बीते चार महीने से चीनी जलक्षेत्र में फंसे एक मालवाहक जहाज के 16 भारतीय नाविकों को वापस लाने के लिए चीन के साथ करीबी संपर्क बनाए हुए है। मालूम हो कि चीनी जल क्षेत्र में दो मालवाहक जहाजों के 39 भारतीय नाविकों में से एमवी जग आनंद पर फंसे 23 नाविक भारत लौट रहे हैं। मंत्रालय अब एमवी अनास्तासिया पर सवार भारतीय नाविकों की वापसी की कोशिशें कर रहा है। 

Edited By: Krishna Bihari Singh