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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 06, 2020 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Manipur : राज्‍यपाल ने एनपीपी नेता वाई जॉयकुमार सिंह को दोबारा विभागों का किया आवंटन

By Krishna Bihari SinghEdited By:
Published: Mon, 06 Jul 2020 05:48 PM (IST)Updated: Mon, 06 Jul 2020 06:05 PM (IST)

मण‍िपुर की राज्यपाल ने उप मुख्‍यमंत्री वाई जॉयकुमार सिंह को वित्त विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के साथ साथ इकॉनमिक्‍स एवं स्‍टैटिक्‍स विभागों को दोबारा आवंटित कर दिया है।

Manipur : राज्‍यपाल ने एनपीपी नेता वाई जॉयकुमार सिंह को दोबारा विभागों का किया आवंटन
Manipur : राज्‍यपाल ने एनपीपी नेता वाई जॉयकुमार सिंह को दोबारा विभागों का किया आवंटन

इंफाल, एएनआइ। मण‍िपुर की राज्यपाल नज्मा हेपतुल्ला ने उप मुख्‍यमंत्री वाई जॉयकुमार सिंह (Y Joykumar Singh) को वित्त, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के साथ साथ इकॉनमिक्‍स एवं स्‍टैटिक्‍स विभागों को दोबारा आवंटित कर दिया है। बता दें कि राज्‍य में बीते दिनों गहराए सियासी संकट के दौरान एनपीपी (National People's Party) के विधायक वाई जॉयकुमार सिंह (Y Joykumar Singh) ने अपने सभी मंत्री पदों से इस्‍तीफा दे दिया था।

मुख्‍यमंत्री एन. बीरेन सिंह को गृह, कार्मिक, योजना, जीएडी, सतर्कता, परिवहन, सिंचाई, पर्यटन, अल्‍पसंख्‍यक, सूचना तकनीक, भूमि संरक्षण समेत कई अन्‍य महत्‍वपूर्ण विभागों की जिम्‍मेदारी सौंपी गई है। मालूम हो कि बीते दिनों राज्‍य की भाजपानीत सरकार से एनपीपी के चारों मंत्रियों ने इस्‍तीफा दे दिया था। 17 जून को इस्तीफा देने वालों में एनपीपी नेता व उप मुख्यमंत्री वाई. जयकुमार, आदिवासी व पर्वतीय क्षेत्र विकास मंत्री एन. कयिशी, युवा व खेल मंत्री लेटपाओ हाओकिप, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री एल. जयंत कुमार सिंह शामिल थे।

इनके अलावा भाजपा के तीन बागी विधायकों ने भी पार्टी की सदस्यता से इस्‍तीफा दे दिया था। वहीं तृणमूल कांग्रेस के एक मात्र विधायक व एक निर्दलीय विधायक ने सरकार से समर्थन वापस ले लिया था। अप्रत्‍याशित तौर पर नौ विधायकों के छिटकने के बाद बीरेन सिंह सरकार संकट में आ गई थी। मंत्रियों ने मुख्यमंत्री एन. बीरेन सिंह पर दु‌र्व्यवहार करने का आरोप लगाया था। समस्या का हल नहीं निकालता देख बाद में पूर्वोत्तर जनतांत्रिक गठबंधन (एनईडीए) संयोजक हेमंत बिश्व सरमा उन्हें भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व से मिलाने दिल्ली ले गए थे। 

आखिरकार भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व से मिलने के बाद मणिपुर की एन. बीरेन सिंह सरकार से इस्तीफा देने वाले नेशनल पीपुल्स पार्टी (NPP) कोटे के चारों मंत्री मान गए थे और उन्होंने राज्यपाल नज्मा हेपतुल्ला से मुलाकात कर राज्य की भाजपानीत सरकार के पक्ष में समर्थन पत्र सौंप दिया था। इसके साथ ही राज्य की भाजपानीत सरकार दोबारा बहुमत में आ गई थी और सियासी संकट टल गया था।