जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। गुजरात विधानसभा चुनाव में बड़े उलट-फेर की कोशिश में जुटी कांग्रेस पाटीदार समुदाय के बड़े नेता नरेश पटेल को पार्टी में शामिल होने के लिए राजी करने में कामयाब होती दिख रही है। माना जा रहा है कि कांग्रेस ने राज्य के सबसे प्रभावशाली लेवा पटेल समुदाय के नेता नरेश पटेल को पार्टी के चुनाव अभियान का प्रमुख चेहरा बनाने को लेकर हामी भर दी है।

सोनिया गांधी से मुलाकात के बाद होगी घोषणा

कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से मुलाकात के बाद पटेल के कांग्रेस में शामिल होने की औपचारिक घोषणा की जाएगी। चुनाव से पहले युवा नेता हार्दिक पटेल के कांग्रेस छोड़ने के बाद नरेश पटेल आना कांग्रेस के लिए बहुत महत्वपूर्ण होगा।

दिया प्रस्‍ताव

कांग्रेस के गुजरात प्रभारी रघु शर्मा ने गुरुवार को राजकोट में पार्टी नेताओं के साथ नरेश पटेल से निर्णायक चर्चा की और नेतृत्व की ओर से उन्हें पार्टी में शामिल होने का प्रस्ताव दिया। पार्टी सूत्रों के अनुसार, पटेल कांग्रेस नेतृत्व के प्रस्तावों पर लगभग राजी हो गए हैं। उनके किसी भी समय सोनिया गांधी से मुलाकात की संभावना जताई जा रही है।

सोनिया गांधी से मुलाकात का इंतजार

गुजरात कांग्रेस के अध्यक्ष जगदीश ठाकोर और वरिष्ठ नेता भरत सोलंकी के साथ रघु शर्मा शुक्रवार को दिल्ली लौट आए और अब नरेश पटेल की सोनिया गांधी से मुलाकात का इंतजार है, जिसके बाद उन्हें पार्टी में शामिल किए जाने का एलान होगा।

चुनावी मैदान में जाने का मन बना चुकी है कांग्रेस

माना जा रहा है कि नरेश पटेल को कांग्रेस भले ही सीधे मुख्यमंत्री का उम्मीदवार घोषित नहीं करेगी, मगर पार्टी का चुनावी चेहरा बनाने का पूरा संदेश देगी। संकेतों से साफ है कि चुनावों के लिहाज से सबसे अहम प्रदेश में नरेश पटेल को चुनाव अभियान समिति का अध्यक्ष बनाकर कांग्रेस चुनावी मैदान में जाने का मन बना चुकी है।

सामाजिक समीकरण को दुरुस्त करने पर जोर

गुजरात में 27 साल के सत्ता के सूखे को खत्म करने के लिए कांग्रेस का पूरा फोकस सामाजिक समीकरण को दुरुस्त करने पर है। इसके मद्देनजर ही खोडलधाम ट्रस्ट के प्रमुख नरेश पटेल को पार्टी में शामिल कराने की कोशिश हो रही है।

पाटीदार समुदाय के प्रभावशाली नेता

नरेश पटेल पाटीदार समुदाय के सबसे सम्मानित और प्रभावशाली नेता हैं और लेवा पटेल वर्ग से आते हैं। लेवा पटेल गुजरात की सियासत में सबसे ज्यादा प्रभाव रखता है। नरेश पटेल के आने से कांग्रेस को हार्दिक पटेल के पार्टी छोड़ने से हुए नुकसान की काफी हद तक भरपायी करने में मदद मिलेगी।

Edited By: Krishna Bihari Singh