जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। कांग्रेस ने अर्थव्यवस्था की खस्ताहाली को लेकर सरकार पर हमलावर तेवर जारी रखते हुए कहा है कि आधे-अधूरे प्रयासों से आर्थिक बदहाली को लंबे समय तक ढका नहीं जा सकता। आर्थिक मंदी के दौर को थामने के लिए सरकार के उपायों को भी अपर्याप्त करार देते हुए पार्टी ने कहा है कि इससे ठोस हल नहीं निकलेगा।

अर्थव्यवस्था को मंदी के संकट से निकालने के लिए वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण की घोषणाओं पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कांग्रेस मीडिया विभाग के प्रमुख रणदीप सुरजेवाला ने यह बात कही। सुरजेवाला ने ट्वीट कर कहा कि भाजपा ने अर्थव्यवस्था की भयानक दुर्दशा कर दी है। आर्थिक सुस्ती के दौर को सुधारने के लिए निर्मला के कदमों की घोषणा पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि अर्थव्यवस्था की दुर्दशा पर सरकार के 32 स्लाइडों के पावर प्वाइंट प्रजेंटेशन से पर्दा नहीं डाला जा सकता।

यह भी पढ़ें- अर्थव्यवस्था को बूस्ट करने के लिए सरकार का ‘32 सूत्री’ प्रहार, आगे और उपाय तैयार

सुरजेवाला ने कहा कि वास्तविकता यही है कि देश मंदी से जूझ रहा है और मोदी सरकार पहले बजट में आधा-अधूरा रोल बैक कर रही है। जीडीपी औंधे मुंह लुढ़क रहा है और एनपीए दिन रात उफान पर है। सरकार से सवाल करते हुए उन्होंने पूछा कि वह बताए कि इसका ठोस हल कहां है। अर्थव्यवस्था की सुस्त हुई गाड़ी को पटरी पर लाने के लिए वित्तमंत्री के 32 सूत्री उपायों के ऐलान के बाद शुक्रवार को कांग्रेस प्रवक्ता मनीष तिवारी ने कहा भी सरकार ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया है बल्कि बजट की कुछ घोषणाएं रौल बैक की है। सरकार के ये कदम वास्तव में गंभीर घाव पर बैंडेज लगाना भर है।

तिवारी का कहना था कि अर्थव्यवस्था के इस हाल में पहुंचने की बड़ी वजह जीएसटी और नोटबंदी की वजह से आयी दुश्वारियां है। साथ ही सरकार के विभागों के टैक्स आतंक के माहौल से कारोबारी-व्यापारी भय में जी रहे हैं और कई ढांचागत खामियां हैं। कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा ने भी शुक्रवार को अर्थव्यवस्था की बदहाली को लेकर सरकार पर निशाना साधा था।

Posted By: Manish Pandey

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस