जागरण संवाददाता, जयपुर। राजस्थान में राज्यसभा की चार सीटों के लिए चुनाव की तैयारियां शुरू हो गई है। नामांकन दाखिल करने का काम मंगलवार से प्रारम्भ हो गया जो 31 मई तक जारी रहेगा। दस जून को मतदान होगा। हालांकि पहले दिन कोई नामांकन पत्र दाखिल नहीं हुआ। राज्य में सत्तारूढ़ कांग्रेस और भाजपा के नेता चुनाव की रणनीति बनाने में जुटे हैं। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने सोमवार देर शाम 12 निर्दलीय विधायकों से मिलकर राज्यसभा चुनाव में समर्थन मांगा। सभी विधायकों ने सीएम से कांग्रेस उम्मीदवार को मत देने का वादा किया है। मंगलवार को सीएम ने माकपा के दो विधायकों से बात की। उधर भाजपा के नेता भी सक्रिय हो गए हैं। राज्य विधानसभा में प्रतिपक्ष के नेता गुलाब चंद कटारिया और उप नेता राजेन्द्र राठौड़ ने कहा कि भाजपा दो उम्मीदवार मैदान में उतारेगी। राठौड़ ने कहा पार्टी की प्रदेश कोर कमेटी ने दूसरा उम्मीदवार उतारने पर प्रारम्भिक चर्चा कर ली है। अगर विद्रोह कर कांग्रेस के खेमे से विधायक हमारी तरफ आते हैं तो हम उनका स्वागत करेंगे। भाजपा द्वारा दूसरा उम्मीदवार उतारते ही मुकाबला रोचक होगा।

भाजपा ने दो प्रत्याशी उतारने की बात कही

भाजपा के पास दोनों सीट जीतने लायक विधायकों की संख्या नहीं है। लेकिन सियासी संदेश देने के लिए वह दूसरा उम्मीदवार मैदान में उतारेगी। राज्यसभा चुनाव के वोटिंग और प्रत्याशी की जीत तय करने के सूत्र (एकल संक्रमणीय मत प्रणाली) से कांग्रेस की दो और भाजपा की एक सीट पर जीत तय है। लेकिन चौथी सीट को लेकर मुकाबला रोचक होगा। हालांकि विधायकों की संख्या के हिसाब से कांग्रेस भारी है। लेकिन भाजपा को कांग्रेस की आंतरिक गुटबाजी के कारण कुछ विधायकोंका समर्थन मिलने की उम्मीद है। 200 सदस्यीय विधानसभा में कांग्रेस के 108 विधायक हैं। कांग्रेस को 13 निर्दलीय, भारतीय ट्राइबल पार्टी के दो, माकपा के दो और राष्ट्रीय लोकदल के एक विधायक का समर्थन हासिल है। इस तरह कांग्रेस के पास कुल 126 वोट हैं। उधर भाजपा के 73 और राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के तीन विधायक एक साथ हैं। कांग्रेस तीन प्रत्याशी मैदान में उतारने का मानस बना चुकी है। ऐसे में उसे अपने प्रत्याशियों की जीत के लिए 41-41-41 अर्थात कुल 123 वोट की जरूरत पड़ेगी। भाजपा यदि दो प्रत्याशी उतारेगी तो उन्हें जिताने के लिए 41-41 अर्थात कुल कुल 82 वोट की जरूरत होगी। लेकिन भाजपा के पास 76 वोट ही है। ऐसे में भाजपा कांग्रेस खेमे के छह विधायक तोड़ने की कोशिश करेगी।

पायलट ने कहा,कांग्रेस राज्यसभा की तीन सीट जीतेगी

वहीं, दूसरी ओर राजस्थान के पूर्व उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट ने मंगलवार को अपने विधानसभा क्षेत्र टोंक का दौरा किया। इस दौरान मीडिया से बात करते हुए पायलट ने कहा कि प्रदेश को बेहतर करने के लिए 2023 में एक बार फिर कांग्रेस की सरकार बनाएंगे। उन्होंने कहा कि 2 अक्टूबर को भारत जोड़ो अभियान की शुरुआत की जाएगी। इससे पहले एक और दो जून को प्रदेश स्तरिय कार्यक्रम का जयपुर मे आयोजन होगा।

पायलट ने राज्यसभा चुनाव में चार में से तीन सीट जीतने का दावा करते हुए कहा कि राज्यसभा में कांग्रेस के सदस्यों की संख्या बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि आगामी समय में। राजस्थान सरकार कुछ और राजनीतिक नियुक्तियां करेंगी। राजनीतिक नियुक्तियों में पार्टी के कार्यकर्ताओं को महत्व दिया जाएगा। प्रदेश के जलदाय मंत्री महेश जोशी के पुत्र रोहित के खिलाफ दुष्कर्म के लगे आरोपों के सवाल पर पायलट ने कहा कि कानून अपना काम करेगा। उधर राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने जयपुर में। मीडिया से बातचीत में कहा कि कांग्रेस राज्यसभा चुनाव में तीन सीट जीतेगी।

Edited By: Dhyanendra Singh Chauhan