नई दिल्ली, एजेंसी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में बुधवार को केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक हुई। केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर, पीयूष गोयल ने प्रेस वार्ता में कैबिनेट के फैसलों के बारे में जानकारी दी।  केंद्रीय मंत्री  पीयूष गोयल ने बताया कि देश में सोलर उपकरणों की मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ाने के लिए अहम फैसला लिया गया। इसके तहत मैन्युफैक्चरिंग करने वाली कंपनियों को 4500 करोड़ रुपये इनसेंटिव के तौर दिया जाएगा जिससे नई नौकरियां मिलेंगी। व्हाइट गुड्स को लेकर भी केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला किया है। व्हाइट गुड्स के अंतर्गत आने वाले सामानों में फ्रिज, वाशिंग मशीन, एयर कंडीशनर व बिजली के घरेलू उपकरण शामिल हैं जिसके लिए कैबिनेट में  Production Linked Incentive (PLI) स्कीम को मंजूरी दी गई। 

केंद्रीय मंत्री ने आगे बताया कि देश में 70-80 फीसद एयर कंडीशनर विदेशों से आते हैं इसे देखते हुए सरकार ने PLI स्कीम का ऐलान किया है। उन्होंने बताया, दुनिया में एलईडी के मामले में भारत आगे है। उजाला योजना के तहत LED लाइट की कीमतें भी कम हो गई है। साथ ही, मैन्युफैक्चरिंग भी तेजी से बढ़ी है। उन्होनें यह भी बताया कि सरकार द्वारा 13 PLI योजनाओं की अनुमति देते हुए 1.97 लाख करोड़ रुपये की बजट की व्यवस्था की गई है। यह योजनाएं निवेश आकर्षित करेगी, व ग्लोबल सप्लाई चेन में देश को अहम भूमिका दिलाएगी।

PLI योजना का उद्देश्य देश के भीतर विनिर्माण गतिविधियों को बढ़ावा देना और निर्यात में तेजी लाना है। इसके जरिए कंपनियों को भारत में यूनिट लगाने और एक्सपोर्ट करने पर विशेष छूट के साथ आर्थिक सहायता भी दी जाएगी। विनिर्माण और निर्यात बढ़ाने के मकसद से शुरू की गई उत्पादन से जुड़ी प्रोत्साहन (PLI) योजना से उद्योगों में रोजगार के अवसर बढ़ने के साथ-साथ अगले पांच साल के दौरान उत्पादन में 520 अरब डालर की वृद्धि होने का अनुमान है। केंद्रीय मंत्री ने बताया कि इससे नई नौकरियों के अवसर मिलेंगे। साथ ही, बिजली की कीमतें भी नियंत्रण में रहेंगी। उन्होंने बताया कि हमारी सरकार का उद्देश्य है कि भारत इंटरनेशनल सप्लाई चेन का महत्वपूर्ण अंग बने। 

 

Edited By: Monika Minal