नई दिल्ली, माला दीक्षित। देश की सबसे बड़ी जांच एजेंसी में मची रार थम नहीं रही है। केंद्र सरकार ने बुधवार सुबह सीबीआई निदेशक आलोक वर्मा और विशेष निदेशक राकेश अस्थाना को छुट्टी पर भेज दिया। इन दोनों टॉप लेवल के अधिकारियों को छुट्टी पर भेजने के बाद एम नागेश्वर राव को सीबीआई का अंतरिम निदेशक नियुक्त किया गया है। वहीं, सरकार द्वारा छुट्टी पर भेजे जाने के खिलाफ आलोक वर्मा सुप्रीम कोर्ट पहुंच गए हैं। आलोक ने सुप्रीम कोर्ट में अर्जी दाखिल कर केंद्र के फैसले पर विरोध जताया है। अदालत ने उनकी अर्जी स्वीकार भी कर ली है। अब इस मामले में इसी शुक्रवार को सुनवाई हो सकती है।

एक्शन में नागेश्वर राव
सीबीआई के अंतरिम निदेशक पद पर नियुक्त हुए एम नागेश्वर राव ने अपना कार्यभार संभाल लिया है। साथ ही नियुक्ति के तुरंत बाद नागेश्वर राव एक्शन में दिख रहे हैं। दरअसल, राकेश अस्थाना मामले की जांच कर रहे कई अधिकारियों का तबादला कर दिया गया है।

हाईकोर्ट में राकेश अस्थाना की अर्जी
सीबीआई ने मंगलवार को विशेष निदेशक राकेश अस्थाना पर केस दर्ज किया है। वहीं, सीबीआई की एफआईआर के खिलाफ अस्थाना दिल्ली हाईकोर्ट पहुंचे। उन्होंने कोर्ट से एफआईआर को रद करने की मांग की। अस्थाना ने याचिका में सीबीआइ निदेशक आलोक वर्मा पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि सीबीआइ निदेशक खुद पर लगे आपराधिक मामले को छिपाने के लिए उन्हें झूठे मामले में फंसाने की कोशिश कर रहे हैं। अस्थाना की अर्जी पर हाईकोर्ट ने उन्हें अंतरिम राहत दे दी है।

 कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 29 अक्टूबर की तारीख तय की है। कोर्ट ने सीबीआई, सीबीआई निदेशक आलोक वर्मा व संयुक्त निदेशक एके शर्मा को नोटिस जारी कर 29 अक्टूबर को होने वाली अगली सुनवाई तक जवाब दाखिल करने का आदेश दिया। कोर्ट ने अगली सुनवाई तक अस्थाना की गिरफ्तारी पर भी रोक लगा दी है और मामले में यथास्थिति बनाए रखने के लिए कहा है।

निलंबित डीएसपी देवेंद्र कुमार सात दिन की रिमांड पर
मीट कारोबारी मोइन कुरैशी से तीन करोड़ रुपये रिश्वत के मामले में गिरफ्तार किए गए सीबीआई के निलंबित डीएसपी देवेंद्र कुमार को पटियाला हाउस कोर्ट की विशेष अदालत ने सात दिन की रिमांड पर भेज दिया है। गौरतलब है कि सोमवार को सीबीआई ने अपने ही दफ्तर में छापेमारी कर देवेंद्र कुमार को गिरफ्तार किया था। इस गिरफ्तारी के खिलाफ देवेंद्र ने हाईकोर्ट में अपनी अर्जी दी है। उन पर भ्रष्टाचार के मामले में सीबीआई के विशेष निदेशक राकेश अस्थाना का साथ देने का आरोप है। उन पर कारोबारी सतीश बाबू सना का फर्जी बयान दर्ज करने का भी आरोप है।

Posted By: Manish Negi